भोपाल में 90 डिग्री पुल के बाद 'एफिल टॉवर' का अजब कारनामा, हाईटेंशन लाइन के नीचे बना दी सड़क
भोपाल में 90 डिग्री पुल के बाद एक और अजीबोगरीब निर्माण सामने आया है। करोंद क्षेत्र की विनायक कॉलोनी में ...और पढ़ें

कॉलोनी में हाईटेंशन लाइन टॉवर के नीचे से गुजर रहे वाहन।

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
डिजिटल डेस्क, भोपाल। प्रदेश की राजधानी भोपाल में 90 डिग्री एंगल वाले ब्रिज के बाद अधोसंरचना निर्माण का एक और अजूबा सामने आया है। यह कई कॉलोनियों को जोड़ने वाली एक सड़क है, जो हाइटेंशन लाइन के बड़े टॉवर के पायों के बीच से गुजर रही है। इससे रोजाना हजारों लोग आवाजाही कर रहे हैं, जिनके सिर पर 33 केवी यानी 33,000 वोल्टेज के करंट का खतरा मंडरा रहा है।
बसाहट बढ़ने से बढ़ा खतरा
यह सड़क करोंद क्षेत्र के विनायक कॉलोनी में बनी है। स्थानीय रहवासियों का कहना है कि करीब 20 साल पहले तक यहां खाली मैदान हुआ करता था। धीरे-धीरे यहां बस्तियों के बसने से रास्ते बंद होते गए। स्थानीय निवासी गोलू धाकड़ ने बताया कि पहले टॉवर के बगल से रास्ता था, लेकिन कॉलोनियां बनने के बाद वह मार्ग बंद हो गया।

कई काॅलोनियों का संपर्क मार्ग
अब स्थिति यह है कि आराधना नगर, जनता नगर और शिव नगर जैसी बड़ी कॉलोनियों को जोड़ने वाला एकमात्र संपर्क मार्ग इसी हाईटेंशन टॉवर के पायों के बीच से होकर गुजरता है। इस सड़क पर टॉवर के आगे भी तीन बिजली के खंभे एक साथ खड़े हैं, जिनके नीचे से लोग गुजरते हैं।
प्रशासन ने अवैध कॉलोनी बताकर झाड़ा पल्ला
बारिश के दिनों में यह खतरा कई गुना बढ़ जाता है। प्रशासन इसे अवैध कॉलोनी बता रहा है, जहां उसका कोई हस्तक्षेप नहीं है। नगर निगम जोन 17 के उप अभियंता अक्षय उपाध्याय का कहना था कि विनायक कालोनी एक अवैध कालोनी है। नगर निगम ने न तो वहां सड़क बनाई है और न ही वह उनके अधीन आती है। वह एक कच्ची सड़क है जो वार्ड 78 और 79 की सीमा पर है।
नागरिक इसे शॉर्टकट की तरह इस्तेमाल कर रहे हैं। हालांकि स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछली बरसात में ही नगर निगम ने इस सड़क पर नए सिरे से बजरी बिछवाई थी।
