पुलिस बनने की ख्वाहिश में खगड़िया का नंदन गया जेल

शारीरिक जांच परीक्षा में अपने बदले दूसरे को शामिल करा कर चयनित होने वाले अभ्यर्थी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।

JagranPublish:Mon, 06 Aug 2018 02:04 PM (IST) Updated:Mon, 06 Aug 2018 02:04 PM (IST)
पुलिस बनने की ख्वाहिश में खगड़िया का नंदन गया जेल
पुलिस बनने की ख्वाहिश में खगड़िया का नंदन गया जेल

मुंगेर। शारीरिक जांच परीक्षा में अपने बदले दूसरे को शामिल करा कर चयनित होने वाले अभ्यर्थी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। मालूम हो कि वह जमालपुर बीएमपी नौ में योगदान देने आया था। तब उसके द्वारा दिए गए दस्तावेजों को जांच करने के दौरान गलत पाया गया।पूरी जांच तकनीकी रूप से करने के बाद उसके विरुद्ध जमालपुर थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई गई। इस संबंध में जानकारी देते हुए जमालपुर थानाध्यक्ष सुनील कुमार ने बताया कि बीएमपी नौ जमालपुर के रक्षित पदाधिकारी(एएसआइ) राजबली राम के लिखित आवेदन के बाद खगड़िया जिला के चौथम थाना क्षेत्र के खरैता निवासी दिनेश ¨सह के पुत्र नंदन कुमार को जमालपुर पुलिस ने गिरफ्तार किया है। बीएमपी नौ के रक्षित पदाधिकारी ने अपने आवेदन में बताया है कि पिछले वर्ष केंद्रीय चयन पर्षद सिपाही भर्ती परीक्षा को लेकर कुल 188 अभ्यर्थियों की सूची पर्षद द्वारा यहां जमालपुर वाहिनी को भेजा गया था। भर्ती प्रक्रिया रिजल्ट पांच जुलाई से पांच अगस्त तक निर्धारित थी। इसी क्रम में नंदन योगदान देने अपने दस्तावेजों के साथ आया। दस्तावेजों के जांच के दौरान कुछ भिन्नता पाए जाने पर वह शक के घेरे में आ गया, क्योंकि उसके द्वारा बताए गए दो व्यक्तिगत पहचान चिह्न तथा परिषद द्वारा भेजे गए पहचान चिह्न में भिन्नता मिली और संदेह होने पर नंदन को वाहिनी के सहायक सब इंस्पेक्टर संजय कुमार के साथ विगत 26 जुलाई को जांच के लिए केंद्रीय चयन पर्षद सिपाही भर्ती (पटना) भेजा गया। जहां शुक्रवार को नंदन के व्यक्तिगत पहचान चिह्न की सत्यता की जांच भर्ती बोर्ड के समक्ष बायोमीट्रिक पद्धति से किया गया, जो गलत पाया गया। इसके साथ ही शारीरिक परीक्षा के दौरान अभ्यर्थी के फोटो से उसका चेहरा का मिलान भी नहीं हो पाया। जबकि शारीरिक परीक्षा के अभ्यर्थी और नंदन की ऊंचाई और चेस्ट के माप में भी बहुत भिन्नता पाई गई। शारीरिक जांच परीक्षा में अपने जगह पर दूसरे लड़के को शामिल कर उत्तीर्ण होने का आरोपी बना और नंदन और उसके सहयोगी के विरुद्ध धोखाधड़ी और फर्जीवाड़ा कर शारीरिक जांच परीक्षा में गलत रूप से पास करने के आरोप में प्राथमिकी दर्ज कराया गया था।