मालदीव इन दिनों राजनीतिक उथल-पुथल के दौर से गुजर रहा है. मालदीव के राष्ट्रपति अब्दुल्ला यामीन ने देश में आपातकाल लगा दी है. मालदीव के दो शीर्ष न्यायाधीशों को गिरफ्तार कर लिया गया है. इससे पहले राष्ट्रपति ने सुप्रीम कोर्ट के नौ राजनीतिक कैदियों की तत्काल रिहाई के आदेश को मानने से इनकार कर दिया था.मालदीव के खबरों आने के बाद लोगों की इस देश को लेकर दिलचस्पी बढ़ गई है. मालदीव में टूरिस्ट्स की बात करें, तो 2017 में 12 लाख विदेशी टूरिस्ट इस छोटे से देश में आए थे. पर्यटकों के लिए मालदीव को स्वर्ग जैसा बताया जाता है क्योंकि बाकी देशों के मुकाबले यहां सस्ते में यहां लग्जरियस लाइफ जीने का मौका मिल पाता है.आइए, जानते हैं मालदीव में क्या है खास 

 

4 लाख जनसंख्या वाले देश में 12 लाख टूरिस्ट 
मालदीव 36 मूंगा प्रवालद्वीप और 1192 छोटे-छोटे आईलैंड से मिलकर बना हुआ देश है. एक आईलैंड से दूसरे आईलैंड पर जाने के लिए खास तौर से फेरी का इस्तेमाल किया जाता है. देश के इकोनॉमी का टूरिज्म महत्वपूर्ण हिस्सा है.
स्कूबा डाइविंग के लिए परफेक्ट डेस्टिनेशन 
मालदीव में चूंकि चारों तरफ नजर घुमाने पर पानी ही नजर आता है, इसलिए यहां आप वाटर एडवेंचर का मजा ले सकते हैं या फिर आराम से अपनी कॉटेज में आराम फरमा सकते हैं. मालदीव का लगभग हर रिसॉर्ट अपने पास स्कूबा डाइविंग के इंतजाम रखता है. सीखने वालों के लिए यहां डाइविंग स्कूल और कोर्स भी हैं. हर रिसॉर्ट के पास द्वीप के नीचे अपनी एक समुद्री दीवार (रीफ) होती है जिसके चलते तेज लहरों या हवाओं के दौरान भी डाइविंग में कोई परेशानी नहीं आती. 
अंडरवाटर फोटोग्राफी का मजा
मालदीव अंडरवाटर फोटोग्राफी के लिए यह दुनिया की बेहतरीन जगहों में से एक है. कोरल रीफ और मछलियों की इतनी किस्में शायद ही कहीं और हो. रही बात कैमरे की तो यहां के डाइविंग स्कूलों में अंडरवाटर कैमरे भी किराये पर मिल जाते हैं. 
पनडुब्बी (सबमैरिन) का मजा मिलेगा यहां  
समुद्र की गहराई में उतरकर समुद्र की दुनिया देखने का एक अलग ही मजा है. मालदीव के रोमांच में हाल का इजाफा जर्मन पनडुब्बी का है, जो हर किसी को पानी के नीचे की दुनिया दिखा सकती है. दुनिया की सबसे गहरी उतरने वाली और सबसे बड़ी यात्री पनडुब्बी है, जो समुद्र में सौ फुट नीचे उतरकर उस दुनिया से आपको रूबरू करवाती है. 
दुनिया भर की व्हेल व डॉल्फिन 20 किस्में 
अब यह बात बहुत कम ही लोगों को पता होगी कि मालदीव की गिनती व्हेल व डॉल्फिन के नजारे लेने के लिए दुनिया की पांच सर्वश्रेष्ठ जगहों में होती है. इन दोनों मछलियों की बीस किस्मों का ठिकाना मालदीव के समुद्र में है. इनमें विशालकाय ब्लू व्हेल से लेकर बेहद छोटी लेकिन उतनी ही कलाबाज स्पिनर डॉल्फिन तक सब शामिल हैं. 
कैसे पहुंचे 
मालदीव की राजधानी माले के लिए केरल में तिरुवनंतपुरम से सीधी उड़ान है. दिल्ली से कोलंबो होते हुए भी कुछ उड़ानें माले के लिए शुरू हुई हैं। कुछ अंतरराष्ट्रीय उड़ानें मुंबई होते हुए भी माले जाती हैं. किराया भी बहुत ज्यादा नहीं है. तिरुवनंतपुरम से माले का एक व्यक्ति का इकोनॉमी क्लास का वापसी किराया लगभग साढ़े आठ हजार रुपये है. यह उड़ान महज 40 मिनट लेती है. 
 
घूमने के लिए बेस्ट टाइम 
यहां का मौसम आम तौर पर गरम और उमसभरा होता है. पूरे सालभर 32 से 29 डिग्री सेल्शियस के बीच रहता है. यहां का मौसम मुख्य रूप से मानसून पर ही निर्भर रहता है. मार्च से नवम्बर का वक्त घूमने के लिए बेस्ट है. 
वीजा ऑन अराइवल 
मालदीव आने के लिए पहले से वीजा की जरूरत नहीं होती. यहां आने के सभी स्थानों पर पहुंचते ही पर्यटकों को तीस दिन का फ्री वीजा दे दिया जाता है.
 

Posted By: Pratima Jaiswal