नई दिल्ली, लाइफस्टाइल डेस्क। Gandhi Jayanti 2020: सत्य और अहिंसा के पुजारी मोहनदास करमचंद गांधी ने देश की स्वतंत्रता में अहम भूमिका निभाई है। आजादी से पूर्व अंग्रेज भी उन्हें महात्मा मानते थे। जबकि आजादी के पश्चात दुनियाभर में गांधीगिरी की मिशाल दी जाने लगी है। दक्षिण अफ्रीका के पूर्व राष्ट्रपति नेल्सन मंडेला सहित कई जानी मानी हस्तियों ने उनके पदचिन्हों पर चलने की कोशिश की। देश में गांधी जी को बापू, महात्मा, राष्ट्रपिता कई नामों से पुकारा जाता है।

महात्मा गांधी का जन्म 2 अक्टूबर, सन 1869 ई. को गुजरात के पोरबंदर शहर में हुआ था। इनके पिता का नाम करमचंद गांधी था जो तत्कालीन समय में राजकोट के दीवान थे। जबकि इनकी माता का नाम पुतलीबाई था। यह बड़ा संयोग है कि गांधी जी का जन्म शुक्रवार के दिन हुआ था और देश को आजादी शुक्रवार के दिन ही मिली थी। हर साल 2 अक्टूबर को दुनियाभर में गांधी जयंती मनाई जाती है। साथ ही इस दिन अंतरराष्ट्रीय अंहिसा दिवस भी मनाया जाता है।

इस मौके पर स्कूल, कॉलेजस समेत कई संस्थानों में संगोष्ठी आयोजित की जाती है। जबकि सोशल मीडिया भी पर लोग गांधी जी को याद करते हैं। इसके लिए गांधी जी के अनमोल विचार, नारा, सिद्धांत, उनके आदर्शों को सचित्र शेयर किया जाता है। साथ ही हैशटैग के जरिए गांधी जी को स्मरण किया जाता है। लोग फोन और संदेश के जरिए भी एक दूसरे को गांधी जयंती की शुभकामनाएं देते हैं।

गांधी जी अपने जीवनकाल में भी युवाओं के हिमायती रहें। उन्होंने देश सेवा में युवाओं को जोड़ने पर विशेष बल दिया। इस मद्देनजर उनके जन्म शताब्दी वर्ष पर राष्‍ट्रीय सेवा योजना की शुरुआत की गई। आज भी गांधी जी के विचार और आदर्श प्रासंगिक हैं। खासकर युवाओं के चरित्र और भविष्य निर्माण हेतु गांधी जी के विचारों का मार्ग दर्शन अत्यंत जरूरी है।

शॉर्ट मे जानें सभी बड़ी खबरें और पायें ई-पेपर,ऑडियो न्यूज़,और अन्य सर्विस, डाउनलोड जागरण ऐप

budget2021