नई दिल्ली, लाइफस्टाइल डेस्क। Coronavirus: कोविड अलग-अलग लोगों को अलग तरह से असर करता है, हर किसी को अलग तरह के लक्षण महसूस होते हैं। बुखार, सर्दी-ज़ुकाम, गले में दर्द और थकावट के अलावा, आप पेट खराब होने वाले संकेतों का भी अनुभव कर सकते हैं।

रिसर्च में पाया गया कि कोरोना वायरस का कारण बनने वाला वायरस एंजियोटेंसिन कन्वर्टिंग एंजाइम 2 नामक एंजाइम के लिए कोशिका की सतह के रिसेप्टर्स के माध्यम से आपके पाचन तंत्र में प्रवेश कर सकता है। ज़ोई कोविड एप के अनुसार भी कोविड के कई मरीज़ पेट खराब संबंधी लक्षणों का अनुभव करते हैं।

पेट से जुड़े कोविड के लक्षण अल्फा और डेल्टा वेरिएंट्स के दौरान भी देखे गए थे।

तो आइए जानें कोविड से संक्रमित होने पर पेट से जुड़ी किस तरह की दिक्कतें दिखती हैं।

दस्त

कोविड-19 से संक्रमित हुए लोगों को आमतौर पर दस्त की समस्या भी होती है। अमेरिकन जर्नल ऑफ गैस्ट्रोएंटरोलॉजी में प्रकाशित एक अध्ययन में कोविड के हल्के मामलों वाले 206 रोगियों की जांच की गई। उन्होंने पाया कि 48 लोगों में केवल पाचन संबंधी लक्षण थे और अन्य 69 में पाचन और श्वसन दोनों लक्षण थे। गैस्ट्रिक संकट से पीड़ित कुल 117 लोगों में से 19.4 प्रतिशत लोगों ने पहले लक्षण के रूप में दस्त का अनुभव किया।

पेट दर्द

कोविड से जूझ से कई लोग संक्रमण के दौरान तेज़ पेट दर्द और पेट में सूजन की शिकायत करते हैं। बीजिंग के एक अध्ययन ने दिसंबर 2019 और फरवरी 2020 के बीच प्रकाशित सभी कोविड-19 नैदानिक ​​​​अध्ययनों और पाचन संबंधी मुद्दों से संबंधित केस रिपोर्ट का विश्लेषण किया। उन्होंने पाया कि 2.2 से 6 प्रतिशत रोगियों ने पेट दर्द का अनुभव किया। कोविड से जुड़े पेट दर्द में अक्सर सिर दर्द और थकावट जैसे दूसरे संकेत भी दिखते हैं। कई मामलों में संक्रमित व्यक्ति गले में दर्द और भूख न लगने जैसी दिक्कतों का भी सामना कर सकता है।

भूख न लगना

अन्य गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल लक्षणों के साथ, बहुत से लोग जो कोविड-19 से संक्रमित होते हैं, वे अक्सर अपनी भूख भी कम होने की शिकायत करते हैं। उसी बीजिंग अध्ययन के अनुसार, लगभग 39.9 से 50.2 प्रतिशत लोगों ने भूख न लगने का अनुभव किया। ZOE COVID स्टडी में यह भी पाया गया कि कोविड से संक्रमित तीन में से एक व्यक्ति की भूख कम हो जाती है, जिससे वह भोजन करना छोड़ देता है।

भूख न लगने के पीछे जो कारण भी हो सकते हैं, जैसे काफी बीमारी महसूस करना या फिर खाना पकाने या खाने की हिम्मत न जुटा पाना। 35 की उम्र से ज़्यादा के वयस्क 3-4 दिनों में ठीक हो जाते हैं, वहीं 35 से कम उम्र के लोग के साथ ऐसा 2 से 3 दिन तक होता है और वे हफ्ते भर के अंदर ठीक हो जाते हैं।

Disclaimer: लेख में उल्लिखित सलाह और सुझाव सिर्फ सामान्य सूचना के उद्देश्य के लिए हैं और इन्हें पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। कोई भी सवाल या परेशानी हो तो हमेशा अपने डॉक्टर से सलाह लें।

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Edited By: Ruhee Parvez