फायदेमंद है शिमला मिर्च

शिमला मिर्च बेहद फायदेमंद होती है क्‍योंकि इसमें विटमिन सी, ए और बीटा कैरोटीन होता है। ये हमारी सेहत के लिए काफी अच्छा है। इसका इस्तेमाल कई तरह से किया जाता है। जानें, इसे पकाने के सही तरीके के साथ इसके फायदे और नुकसान के बारे में। शिमला मिर्च को कुछ लोग दूसरी सब्जि़यों की तरह छौंक कर बनाते हैं। नूडल्स, सैलेड और गार्निशिंग के लिए भी इसका इस्तेमाल किया जाता है। यह सभी चीज़ों का स्वाद दोगुना कर देती है। इसके क्रंच व रंग को बरकरार रखने के लिए इसे कितने तापमान में पकाना सही होता है ये भी जानना जरूरी है।

स्टर-फ्राई

किसी भी डिश में इसका हलका कच्चापन व क्रंच स्वाद में अच्छा लगता है। इसलिए इसे ज्‍यादा तापमान में नहीं पकाया जाता। ज्‍यादा पकी हुई शिमला मिर्च न स्वाद में अच्छी लगती है और न ही दिखने में। फ्राइंगपैन में ऑलिव ऑयल डालकर गर्म करें। अब इसमें कटी हुई शिमला मिर्च डालकर तेज़ आंच पर भूनें।

स्टर-फ्राई की हुई शिमला मिर्च का सैलेड, नूडल्स, पुलाव और सूप में उपयोग करें।

ग्रिलिंग

गैस या ग्रिल पैन पर इसे दो से चार मिनट तक दोनों ओर से हलका ग्रिल करें। ग्रिल की हुई शिमला मिर्च में एक टीस्पून ऑलिव ऑयल डालें। ग्रिल करने से पहले भी तेल लगा सकते हैं। ऐसा करने से इसका रंग भी बना रहेगा। इसे वेजटेरियन पुलाव या दूसरी सब्जि़यों में मिलाकर सर्व करें।

माइक्रोवेव

माइक्रोवेव सेफ लिड बोल या प्लेट में थोड़ा पानी डालकर उसमें शिमला मिर्च रखें। इसे प्लास्टिक रैप से कवर करके लगभग 2-3 मिनट तक पकाएं। माइक्रोवेव में हलकी कुक्ड शिमला मिर्च को सूप और सैलेड में डालकर इस्तेमाल किया जा सकता है।

सॉते

शिमला मिर्च को छोटे क्यूब्स में काटें। फ्राइंगपैन में ऑलिव ऑयल डालें। अब इसमें क्यूब्स डालकर चलाएं। सर्व करने से पहले इसमें नमक और काली मिर्च पाउडर मिलाकर दोबारा सॉते करें। सॉते की हुई शिमला मिर्च को पुलाव, बिरयानी या दूसरी सब्जि़यों में मिलाकर इसका ज़ायका बढ़ाया जा सकता है।

प्रस्तुति : गीतांजलि