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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 29, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

क्या झारखंड में बनेगा एक और नया जिला? जयराम महतो विधानसभा में उठाएंगे आवाज, हेमंत सरकार को भी घेरा

Published: Sun, 29 Jun 2025 08:15 PM (GMT+05:30)

गांधी मैदान में जयराम महतो ने लोगों को संबोधित किया। उन्होंने झारखंड में बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं की कमी पर भी ...और पढ़ें

गांधी मैदान में जयराम महतो ने लोगों को किया संबोधित। (जागरण)
गांधी मैदान में जयराम महतो ने लोगों को किया संबोधित। (जागरण)

HighLights

  1. चक्रधरपुर को जिला बनाने की मांग उठेगी |
  2. स्वास्थ्य सेवाओं पर सरकार से सवाल |
  3. भ्रष्टाचार के मुद्दे पर आलोचना |

संवाद सहयोगी, चाईबासा। पश्चिमी सिंहभूम जिले में पड़ने वाले चक्रधरपुर को जिला और कराईकेला को प्रखंड बनाने को लेकर अगले विधानसभा सत्र में मजबूती के साथ बात रखेंगे।

यह बातें चाईबासा के गांधी मैदान में झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा के डुमरी के विधायक जयराम महतो ने कही।

उन्होंने कहा कि चक्रधरपुर को जिला बनाने की मांग कई वर्षों से उठ रही है। चक्रधरपुर को जिला और कराईकेला को प्रखंड बनाने की मांग अगले विधानसभा सत्र में उठाएंगे। पश्चिमी सिंहभूम झारखंड का सबसे बड़ा जिला है। भौगोलिक दृष्टिकोण से सबसे बड़ा जिला है, इसलिए चक्रधरपुर को जिला बनना चाहिए।

झारखंड में नहीं अच्छा अस्पताल, गुरुजी का दिल्ली में किया जा रहा इलाज : जयराम

जयराम महतो ने कहा कि गुरुजी की तबीयत खराब है, वह सभी के सम्मानित हैं। उनका इलाज दिल्ली में किया जा रहा है। हम कामना करते हैं कि वह जल्द से स्वास्थ्य होकर लौटे, लेकिन झारखंड बने 25 साल हो गये आपने एक भी ऐसा अस्पताल झारखंड में नहीं बनाया कि आपका इलाज झारखंड में ही बेहतर तरीके से हो सके।

आप दिल्ली में इलाज करा सकते हैं लेकिन राज्य की गरीब जनता बीमार होने से पर कहां जायेंगी। चाईबासा विधानसभा के विधायक दीपक बिरुवा परिवहन मंत्री है। राज्य की गरीब जनता की सड़क दुर्घटना में मौत हो रही है, इसको रोकने के आपने क्या उपाय किया है।

सड़क दुर्घटना से मौत होने वाले परिवार को झारखंड सरकार कितना मदद दे रही है। इसका जवाब जनता को देना चाहिए।

महतो ने कहा कि एक नेता चाय के दुकान से राजनीति शुरु करते हैं, उनके पास एक हजार रुपया नहीं होता है। विधायक बनते ही हजार से लाख और लाख से करोड़ रुपये की संपत्ति कैसे बन जाती है। यह सभी पैसा गरीब आदिवासी के हक का पैसा होता है।