विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

Jharkhand Heatwave: साहिबगंज में गर्मी बनी जानलेवा, अस्पताल में बढ़े मरीज; डॉक्टरों ने बताए लू से बचाव के उपाय 

Published: Tue, 26 May 2026 04:00 AM (GMT+05:30)

साहिबगंज में भीषण गर्मी और उमस से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है, तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया ...और पढ़ें

साहिबगंज में हीटवेव का कहर। फाइल फोटो

साहिबगंज में हीटवेव का कहर। फाइल फोटो

HighLights

  1. साहिबगंज में 41 डिग्री से ऊपर पहुंचा तापमान, जनजीवन प्रभावित।

  2. सदर अस्पताल में मरीजों की संख्या में भारी वृद्धि दर्ज।

  3. गर्मी से दो ट्रेन यात्रियों की हार्ट अटैक से मौत हुई।

देव आर्यण, साहिबगंज। जिले में भीषण गर्मी और उमस ने लोगों का जीना मुश्किल कर दिया है। आसमान से आग बरस रही है और धरती तवे की तरह तप रही है। तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंचने से आम जनजीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया है। सुबह से ही तेज धूप और उमस के कारण लोगों को सांस लेने में परेशानी होने लगती है।

दोपहर में सड़कें सुनसान हो जाती है। लोग जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकलते हैं। गर्मी का सबसे ज्यादा असर नवजात शिशुओं, छोटे बच्चों और बुजुर्गों पर देखने को मिल रहा है।

उमस भरी गर्मी के कारण लोग लगातार बीमार पड़ रहे हैं। सदर अस्पताल में मरीजों की संख्या अचानक बढ़ गई है। अस्पताल की ओपीडी में हर दिन बड़ी संख्या में लोग इलाज कराने पहुंच रहे हैं। बीते 10 दिनों में 2143 लोगों ने स्वास्थ्य जांच कराई, जबकि 474 मरीजों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती करना पड़ा।

डिहाइड्रेशन की समस्या

डॉक्टरों के अनुसार अस्पताल में आने वाले ज्यादातर मरीज सिरदर्द, चक्कर, पेट दर्द, उल्टी, दस्त और शरीर में कमजोरी की शिकायत लेकर पहुंचे। कई लोगों में डिहाइड्रेशन की समस्या भी देखी जा रही है। डॉक्टरों का कहना है कि लगातार बढ़ती गर्मी और शरीर में पानी की कमी के कारण लोगों की तबीयत तेजी से बिगड़ रही है।

इधर, गर्मी का असर रेलवे यात्रियों पर भी पड़ा है। साहिबगंज होकर गुजरने वाली ट्रेनों में सफर कर रहे दो यात्रियों की हार्ट अटैक से मौत हो गई। अत्यधिक गर्मी और उमस के कारण दोनों यात्रियों की तबीयत अचानक बिगड़ गई थी। इस घटना के बाद लोगों में डर और चिंता का माहौल है। डॉक्टरों ने लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है।

पांच वर्षीय पुत्र मो. अहान की जांच करने के लिए अस्पताल आई हूं। अस्पताल में काफी भीड़ है। बच्चे के पेट दर्द है और उल्टी- पैखाना हो रहा है। डाक्टर ने कुछ दवा लिखी है। उसे खिलाने को कहा है। -अफसाना बेगम, रसूलपुर दहला

सिर घूम रहा है। पेट में काफी दर्द है। उल्टी जैसा मन कर रहा है और पेट भी खराब है। भीड़ देखकर मन और घबरा गया है। जांच कराने पर डाक्टर ने भर्ती होने को कहा है।- अफतरीन खातून, मदनशाही निवासी

इस भीषण गर्मी में बीमार और बुजुर्ग लोगों की स्थिति ज्यादा गंभीर हो सकती है। ऐसे में बिना जरूरी काम के घर से बाहर नहीं निकलना चाहिए। शरीर में पानी की कमी नहीं होने देना सबसे जरूरी है। लोगों को अधिक मात्रा में पानी, नींबू पानी, ओआरएस और तरल पदार्थ का सेवन करना चाहिए। गर्मी के मौसम में हल्का और सुपाच्य भोजन करना चाहिए। ज्यादा मसालेदार और तला-भुना खाना खाने से बचना चाहिए। हरी सब्जियां और मौसमी फल स्वास्थ्य के लिए लाभदायक है। -डॉ. प्रभात मलिक, चिकित्सक सदर अस्पताल, साहिबगंज

केस स्टडी एक : 23 मई को दिल्ली से फरक्का तक चलने वाली फरक्का एक्सप्रेस ट्रेन में पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद लक्ष्मी गांव निवासी 50 वर्षीय मो. सईदुल की मौत हो गई थी। आरपीएफ ने सूचना मिलने के बाद मृतक के पास जाकर मामले की छानबीन की और इसकी जानकारी जीआरपी पुलिस को दी।

जीआरपी पुलिस ने साहिबगंज ट्रेन पहुंचने के बाद प्लेटफार्म संख्या एक पर उसे उतारा और उसकी पहचान करते हुए शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया, जहां डाक्टर शहबाज हुसैन ने पोस्टमार्टम किया।

उन्होंने बताया था कि मो. सईदुल की मृत्यु हार्ट अटैक से हुई थी। संभव है कि ज्यादा गर्मी के कारण उसकी मौत दम घुटने से हुई होगी। मो. सईदुल दिल्ली में मजदूरी का काम करता था और वह अपने घर मालदा आने के लिए ट्रेन पकड़ा था।

केस स्टडी 02 : 22 मई को दिल्ली कामाख्या ब्रह्मपुत्र मेल में स्लीपर और जनरल बोगी के बीच शौचालय के पास पश्चिम बंगाल के मालदा जिला के चाचल थाना क्षेत्र के निवासी 58 वर्षीय अमो का शव आरपीएफ ने बरामद किया था।

इसकी जानकारी जीआरपी पुलिस को देते हुए शव को साहिबगंज के प्लेटफार्म संख्या एक पर उतारा गया। शव की पहचान करते हुए जीआरपी पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया जहां डॉ. केशव कृष्णा ने पोस्टमार्टम किया।

उन्होंने बताया कि उसकी मौत हार्ट अटैक के कारण हुई। ज्यादा गर्मी के वजह से हार्ट अटैक की आशंका रहती है। अमो भी दिल्ली में मजदूरी करता था और लंबे समय के बाद हुआ अपने घर वापस ट्रेन से आ रहा है।

सदर अस्पताल में आने वाले मरीजों की संख्या

दिनांक कुल ओपीडी भर्ती दूसरी संख्या
15 मई 221 55
16 मई 192 38
17 मई (रविवार) 21
18 मई 305 46
19 मई 234 42
20 मई 239 49
21 मई 217 51
22 मई 240 42
23 मई 255 52
24 मई (रविवार) 52
25 मई (दो बजे तक) 240 26

ओपीडी भर्ती रिपोर्ट
(15 मई से 25 मई तक)