जागरण संवाददाता, रांची :

सीटेट की परीक्षा 8 दिसंबर को निर्धारित है। इसके लिए ऑनलाइन आवेदन 18 सितंबर के पहले भरे जा सकते हैं। जिन विद्यार्थियों ने ग्रेजुएशन के साथ बीएड किया है, वे इसका आवेदन दे सकते हैं। परीक्षा में उत्तीर्ण होने के लिए प्रेशर नहीं लें, शांत मन से तैयारी करें। यदि नियमित रूप से तैयारी की जाए तो चार महीने की तैयारी में सीटेट की परीक्षा क्लियर हो सकती है। उक्त बातें चंदन क्लासेज के निदेशक चंदन कुमार और द अमेरिकन के निदेशक राकेश कुमार ने कही। वे दैनिक जागरण के कार्यक्रम करियर हेल्पलाइन के तहत लोगों के सवालों के जवाब दे रहे थे। राकेश कुमार अंग्रेजी और चंदन कुमार मैथ्स के शिक्षक हैं। शुरुआती दौर में इंगलिश को ठीक करने के लिए क्या करना चाहिए -

बिगिनर्स के लिए इंगलिश के बेसिक को समझना जरूरी है। ग्रामर के टेंस, एक्टिव-पैसिव वॉइस, प्रीपोजिशन से अपनी शुरुआत करें। धीरे-धीरे ग्रामर की समझ के साथ बोलना शुरू करें। इसके साथ ही वर्ड पावर को बढ़ाएं। यह इंगलिश बुक्स और मैगजीन पढ़ने से संभव है। इंगलिश आती है, बोलती भी हूं, लेकिन हेजिटेशन है। क्या करूं?

इसके लिए सबसे अच्छा तरीका है आइने के सामने बोलना। इससे आपमें आत्मविश्वास आएगा। इसके अलावा अपने दोस्तों से बात करने के दौरान भी इंगलिश बोलें। नहीं तो इंगलिश के शब्दों का प्रयोग करें। ग्रुप डिस्कशन या दो लोग अंग्रेजी में बात कर भी अपने हेजिटेशन को दूर सकते हैं। इंटरव्यू में अच्छी इंगलिश के कोई ट्रिक बताएं।

सामान्य अंग्रेजी ही बेहतर है। इसे आप असानी से बोल पाएंगे। हालांकि बेहतर इंगलिश के लिए आप फ्रेज का प्रयोग कर सकते हैं। इंटरव्यू के दौरान धीरे बोलें। आम तौर पर एक व्यक्ति 180 से 200 शब्द एक मिनट में बोलता है। लेकिन सही मायने में 100 या 120 शब्द ही बाले जाने चाहिए, ताकि आपकी बातें स्पष्ट हों। इसका ध्यान रखें।

--------------------------- मैथ्स की अच्छी तैयारी के लिए क्या करें -

सबसे बेहतर है कि पेपर 1 के लिए पहली से पांचवीं क्लास और पेपर 2 के लिए पांचवीं से आठवीं क्लास की एनसीईआरटी की किताब पढ़ें। इससे आप सही कॉन्सेप्ट को समझ पाएंगे। ज्यादा प्रश्नों को हल करें। थ्योरी पढ़ने में समय नहीं लगाएं। बार बार रिवीजन कर सभी टॉपिक को खत्म करें। किन टॉपिक पर ज्यादा ध्यान देने की जरूरत है?

मैथ्स के लिए आप प्रतिशत, लाभ हानी, अनुपात-समानुपात, समय तथा दूरी, समय तथा कार्य, मिश्रण, क्षेत्रफल, आयतन और पृष्ठ का क्षेत्रफल आदि टॉपिक जरूरी हैं। इनसे 30 अंक के प्रश्न आते हैं। इसी के अनुसार अपनी तैयारी करें। अन्य टॉपिक को भी कवर करें। कई प्रश्न सिलेबस के बाहर के आ जाते हैं, ऐसे में क्या करें?

दसरल हम सिलेबस देख कर अपनी तैयारी करते हैं। जबकि हमें पिछले साल के प्रश्नों के हिसाब से तैयारी करनी चाहिए। विशेषज्ञ की सहायता जरूर लें। रांची में बेहतर संस्थान हैं, आप अपनी तैयारी के लिए वहां जा सकते हैं।

Posted By: Jagran

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप