RIMS शासी परिषद की बैठक में चिकित्सा व गैर-चिकित्सा पदों के पुनर्गठन, आयुष्मान भारत सहित कई फैसलों पर निर्णय
रिम्स शासी परिषद की 66वीं बैठक में निदेशक के सेवा विस्तार और नियमावली में संशोधन सहित 16 महत्वपूर्ण एजेंडों पर ...और पढ़ें

चिकित्सा और गैर-चिकित्सा पदों के पुनर्गठन से लेकर आयुष्मान योजना तक के मुद्दे एजेंडे में।
जागरण संवाददाता, रांची। राजेंद्र आयुर्विज्ञान संस्थान (रिम्स) की शासी परिषद की 66वीं बैठक गुरुवार को होगी। बैठक में कुल 16 एजेंडों पर चर्चा कर निर्णय लिए जाएंगे। इनमें रिम्स के निदेशक के सेवा विस्तार का मुद्दा सबसे महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
निदेशक के आगामी सेवा विस्तार एक वर्ष पर परामर्श और निर्णय लिया जाना है। इसके लिए रिम्स नियमावली में संशोधन किए जाने के प्रस्ताव पर भी चर्चा होगी। इस मुद्दे पर परिषद का निर्णय महत्वपूर्ण होगा। मालूम हो कि निदेशक डाॅ. डीके सिंह इसी माह सेवानिवृत्त हो रहे है।
बैठक में पिछली शासी परिषद की बैठक के निर्णयों की संपुष्टि और उनके अनुपालन की समीक्षा के साथ-साथ संस्थान में शैक्षणिक एवं गैर-शैक्षणिक पदों के पुनर्गठन, नियुक्तियों, वेतन निर्धारण, पदोन्नति और आयुष्मान भारत योजना के संचालन से जुड़े मामलों पर विचार किया जाएगा। न्यायालयीन मामलों के लिए अधिवक्ता के पैनल में शामिल करने तथा विभिन्न प्रशासनिक प्रस्तावों पर भी निर्णय लिया जाना है
नियमावली में संशोधन के प्रस्ताव पर होगा विचार
बैठक में निदेशक की सेवा के आगामी विस्तार पर परामर्श एवं निर्णय का विषय रखा गया है। इस प्रस्ताव के कारण बैठक पर विशेष नजर रहेगी। निदेशक को सेवा विस्तार देने के लिए रिम्स की नियमावली में बदलाव किए जाने के मुद्दे पर चर्चा होने की संभावना है। नियमावली में संशोधन की आवश्यकता, सेवा विस्तार की शर्तों और संबंधित प्रशासनिक पहलुओं पर परिषद में विचार किया जा सकता है।
क्या है एजेंडा
- पिछली बैठक के निर्णयों की संपुष्टि: रिम्स शासी परिषद की 66वीं बैठक के लिए प्रस्तुत पिछली बैठक के निर्णयों की संपुष्टि।
- निर्णयों के अनुपालन की समीक्षा: पिछली बैठक में लिए गए निर्णयों के अनुपालन प्रतिवेदन पर चर्चा।
- चिकित्सकीय एवं गैर-चिकित्सकीय पदों का पुनर्गठन: संस्थान में कार्यरत शैक्षणिक एवं गैर-शैक्षणिक पदों के पुनर्गठन से संबंधित प्रतिवेदन और निर्णय।
- पदों के सृजन एवं पुनर्गठन का प्रस्ताव : संस्थान के चिकित्सकीय और गैर-चिकित्सकीय पदों के सृजन एवं पुनर्गठन से संबंधित प्रस्तावों पर विचार और निर्णय।
- रिम्स नियमावली, 2014: नियमावली के संशोधित प्रारूप पर विचार और निर्णय।
- स्थायी समिति की बैठक की कार्यवाही: दिनांक 09 सितंबर 2026 को संपन्न स्थायी समिति की 15वीं बैठक की कार्यवाही की संपुष्टि।
- चयन समिति की बैठक की कार्यवाही: दिनांक 11 अप्रैल 2025 को आयोजित चयन समिति की बैठक की कार्यवाही की संपुष्टि एवं निर्णय।
- आयुष्मान भारत योजना के तहत उपचार: रिम्स में उपचार के लिए आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत सूचीबद्धता और संबंधित व्यवस्था से जुड़े विषय पर विचार।
- न्यायालयीन मामलों के लिए अधिवक्ता की नियुक्ति: संस्थान से संबंधित न्यायालयीन मामलों के लिए पैनल में शामिल अधिवक्ता की नियुक्ति पर प्रतिवेदन और अनुमोदन।
- बकाया वेतन भुगतान: संबंधित कर्मचारी के बकाया वेतन भुगतान की स्वीकृति से जुड़े प्रस्ताव पर विचार एवं निर्णय।
- जीडीएमओ के वेतन निर्धारण का मामला: जनरल ड्यूटी मेडिकल आफिसर (जीडीएमओ) के पद पर चयनित चिकित्सकों के वेतन निर्धारण पर निर्णय।
- अधिकारियों की नियुक्ति: एजेंडा पत्र में उल्लिखित प्रोविजनल सेटअप से संबंधित अधिकारियों की नियुक्ति के विषय पर विचार एवं निर्णय।
- आयुष्मान भारत योजना के संचालन के लिए टास्क फोर्स: रिम्स में योजना के सफल संचालन के लिए टास्क फोर्स के गठन अथवा संबंधित व्यवस्था पर निर्णय।
- चिकित्सकों एवं गैर-चिकित्सकों की एपीएस प्रोन्नति: संस्थान में कार्यरत चिकित्सकों एवं गैर-चिकित्सकीय शैक्षणिक संवर्ग के कर्मचारियों की एपीएस प्रोन्नति पर परामर्श और निर्णय।
- निदेशक के सेवा विस्तार का प्रस्ताव: निदेशक, रिम्स की सेवा के आगामी विस्तार पर परामर्श एवं निर्णय।
बैठक में इन मुद्दों पर भी रहेगी नजर
रिम्स में पदों के पुनर्गठन और नए पदों के सृजन से संस्थान की प्रशासनिक एवं चिकित्सकीय व्यवस्था पर असर पड़ सकता है। वहीं, आयुष्मान भारत योजना के प्रभावी संचालन, न्यायालयीन मामलों में अधिवक्ता की नियुक्ति और कर्मचारियों के वेतन निर्धारण जैसे विषय भी संस्थान के कामकाज के लिहाज से महत्वपूर्ण हैं।
बैठक में इन प्रस्तावों पर होने वाले निर्णयों से रिम्स की प्रशासनिक व्यवस्था और स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े मामलों की आगे की दिशा तय हो सकती है। बैठक में विशेष आमंत्रित सदस्यों में डा. हिरेंद्र बिरुआ, चिकित्सा अधीक्षक, डा. अजय कुमार शाही, अपर विधि पदाधिकारी और सुरेंद्र कुमार गोप उपनिदेशक (वित्त) को शामिल किया गया है।
