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रांची में पेट्रोल-डीजल की किल्लत, कई पंपों पर लगा 'स्टॉक खत्म' का बोर्ड; तेल के लिए भटकते रहे लोग

Published: Wed, 29 Apr 2026 05:25 AM (IST)

रांची में मंगलवार को पेट्रोल और डीजल की अचानक किल्लत से लोगों को काफी परेशानी हुई, कई पंपों पर स्टॉक खत्म हो गया या सीमित आपूर्ति की गई।

रांची में पेट्रोल-डीजल की किल्लत

रांची में पेट्रोल-डीजल की किल्लत

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जागरण संवाददाता, रांची। राजधानी में मंगलवार को पेट्रोल और डीजल की अचानक किल्लत से लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। शहर के कई पेट्रोल पंपों पर या तो तेल सीमित मात्रा में दिया गया या फिर पूरी तरह स्टॉक खत्म होने की स्थिति बन गई। हालांकि कुछ पंपों पर स्थिति सामान्य भी रही, लेकिन कई इलाकों में उपभोक्ताओं को लंबी कतारों में खड़ा होना पड़ा। 

कोकर स्थित चड्डा पेट्रोल पंप में पेट्रोल और डीजल कटौती कर दिया जा रहा है। पंप प्रबंधन के अनुसार, डिपो से पर्याप्त आपूर्ति नहीं मिलने के कारण सीमित मात्रा में ही तेल उपलब्ध कराया जा रहा है। 

वहीं डोरंडा के तिवारी बेचर पेट्रोल पंप पर पेट्रोल खत्म होने के कारण ‘पेट्रोल नहीं है’ का बोर्ड लगा दिया गया। खुखरी पेट्रोल पंप में भी दोपहर 12 बजे के बाद पेट्रोल खत्म हो गया, जिससे लोगों को इधर-उधर भटकना पड़ा।

डीजल पर भी लगाई गई सीमा

कुछ पेट्रोल पंपों पर डीजल की आपूर्ति भी सीमित कर दी गई है। जानकारी के अनुसार, कई जगहों पर एक बार में अधिकतम 300 लीटर तक ही डीजल दिया जा रहा है। इससे खासकर ट्रांसपोर्ट और व्यवसाय से जुड़े लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है। 

शहर के साथ-साथ हाईवे पर स्थित कई पेट्रोल पंप भी मंगलवार को ड्राई नजर आए। पेट्रोल नहीं होने के कारण कुछ पंपों को अस्थायी रूप से बंद करना पड़ा, जिससे लंबी दूरी तय करने वाले वाहन चालकों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा।

क्या है वजह, क्या कहते हैं डीलर्स

पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन झारखंड के प्रवक्ता प्रमोद कुमार ने बताया कि रविवार को बोकारो स्थित डिपो में तकनीकी खराबी आने के कारण सप्लाई प्रभावित हुई थी। इसी वजह से कुछ पेट्रोल पंपों पर कुछ घंटों के लिए किल्लत देखने को मिली। उन्होंने स्पष्ट किया कि फिलहाल पेट्रोल और डीजल की कोई बड़ी कमी नहीं है और स्थिति सामान्य हो रही है। 

डीलर्स का कहना है कि जल्द ही सभी पंपों पर आपूर्ति पूरी तरह बहाल हो जाएगी। हालांकि, इस अस्थायी किल्लत ने एक बार फिर आपूर्ति व्यवस्था की मजबूती पर सवाल खड़े कर दिए हैं।