यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 20, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
रामगढ़ में विकास तिवारी के इशारे पर ठेकेदार को मारी थी गोली, पुलिस की पूछताछ में हुआ खुलासा
ठेकेदार देवांशु साहा पर रामगढ़ शहर में चली गोली का मास्टरमाइंड विकास तिवारी ही था। इसका खुलासा तब हुआ जब ...और पढ़ें

जागरण संवाददाता, रामगढ़: ठेकेदार देवांशु साहा पर रामगढ़ शहर में चली गोली का मास्टरमाइंड विकास तिवारी ही था। इसका खुलासा तब हुआ जब इस वारदात में शामिल ओम प्रकाश साव व प्रमोद साव से रिमांड पर लेकर रविवार को पूछताछ की।
पूछताछ में दोनों बदमाशों ने पुलिस को बताया कि देवांशु शाहा को गोली मारकर हत्या करने की साजिश जेल में बंद गैंगस्टर विकास तिवारी ने रची थी।
पतरातू में चल रहे रेलवे के काम में रंगदारी को लेकर विकास तिवारी ने गुर्गों ने देवांशु शाहा पर गोलियां चलाई थीं। हालांकि, घटना में गंभीर रूप से घायल हुए देवांशु शाहा जीवन और मौत से संघर्ष करते हुए बच गए।
आठ दिसंबर 2022 को मारी गई थी गोली
मालूम हो कि गत आठ दिसंबर 2022 को कार पर सवार ठेकेदार देवांशु शाहा पर बिजुलिया स्थित रेलवे ओवरब्रिज के समीप व गोशाला रोड मोड़ पर बाइक सवार चार अपराधियों ने अंधाधुंध फायरिंग कर गंभीर रूप से घायल कर दिया था। मामले में पुलिस ने विकास तिवारी(पांडेय गिरोह) के चार अपराधियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
इस मामले में बड़कागांव थाना क्षेत्र के नापोखुर्द गांव निवासी ओम प्रकाश साव व प्रमोद साव भी नामजद आरोपित थे। दोनों फरार चल रहे थे। इसी बीच ओम प्रकाश साव व प्रमोद साव को केरेडारी थाना पुलिस ने हेंदेगिर से रंगदारी के एक मामले में गिरफ़्तार कर हजारीबाग जेल भेज दिया।
पुलिस की पूछताछ में खुलासा
इसके बाद सब-इंस्पेक्टर श्यामनंद सिंह ने उक्त दोनों को एक दिन के लिए रिमांड पर लेकर रविवार को रामगढ़ थाने में पूछताछ की। इस दौरान दोनों ने पुलिस को बताया कि देवांशु शाहा को गोली मारने की घटना में वे लोग शामिल थे। घटना के बाद पुलिस ने देवांशु पर गोली चलाने वाले मिलन तूरी सहित चार को जेल दिया था।
गैंगस्टर विकास तिवारी ने उनलोगों को नई जिम्मेदारी सौंपी थी, फिर वे लोग हेंदेगीर और अन्य क्षेत्रों में ठेकेदारों से रंगदारी मांगनी शुरू कर दी थी। उन लोगों को हथियार भी गिरोह की तरफ से ही दिए गए थे। इसी बीच हजारीबाग पुलिस ने हथियार के साथ गिरफ्तार कर लिया था।
दोनों ने पुलिस को बताया कि कि देवांशु शाहा पर मिलन तूरी ने गोली नहीं चलाई थी। मिलन तूरी ने पूरी योजना बनाई थी।
उसी वारदात में वे लोग मिलन तूरी के कहने पर ही शामिल हुए थे। उक्त घटना में दो बाइक का उपयोग हुआ था। एक बाइक को पुलिस ने पहले ही जब्त किया था। दूसरा बाइक उनके पास था। जिसे वे लोग अभी भी इस्तेमाल कर रहे थे। पुलिस ने दूसरे बाइक को भी जब्त कर लिया है।
दोनों आरोपितों को दोबारा भेजा गया हजारीबाग जेल
थाना प्रभारी ने बताया कि एक दिन के रिमांड पर लेने के बाद दोनों को फिर से हजारीबाग जेल भेज दिया गया है।
