पलामू, संवाद सहयोगी: पलामू पुलिस की एक विशेष टीम ने रेहला में एक व्यवसायी से दो करोड़ रूपये की रंगदारी मांगने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस मामले में उत्तर प्रदेश, छत्तीसगढ़ व पलामू जिले से नौ आरोपितों को गिरफ्तार किया गया है।

यूपी और छत्तीसगढ़ में कई मामलों में हैं वांछित

पुलिस के हत्थे चढ़े सभी अपराधी यूपी व छत्तीसगढ़ में भी कई मामलों में वांक्षित थे। अब ये झारखंड को अपना ठिकाना बनाना चाहते थे लेकिन इससे पहले इस गिरोह के अधिकांश सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया गया है। अभी भी एक सदस्य फरार चल रहा है।

व्यवसायी से मांगी थी दो करोड़ की रंगदारी

पुलिस अधीक्षक चंदन कुमार सिन्हा ने बुधवार को एक प्रेस वार्ता करते हुए बताया कि पिछले 17 जनवारी को रेहला के सोनी हार्डवेयर के मालिक राजन कुमार से अज्ञात अपराधियों ने मोबाइल पर दो करोड़ रूपये की रंगदारी की मांग की थी। रंगदारी नहीं देने पर अपराधियों ने उसे और उसके परिवार को जान से मार देने की धमकी दी थी।

व्यवसायी की दुकान पर अपराधियों ने की फायरिंग

इतना ही नही उसी दिन शाम को लगभग सवा सात बजे उसके सोनी हार्डवेयर दुकान पर दो राउंड फायरिंग भी की गई। उसके बाद लगातार अगले दिन दो दिनों तक राजन कुमार सोनी को धमकी दी जाती रही। पुलिस ने व्यवसायी के शिकायत के आधार पर रेहला थाने में मामला दर्ज किया था। इसके साथ ही मामले की जांच के लिए एसडीपीओ विश्रामपुर सुरजीत कुमार के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया।

अलग-अलग जगह से कुल नौ लोगों को पकड़ा

एसडीपीओ की टीम ने तकनीकी शाखा के सहयोग से रेहला से छापामारी करते हुए अलग-अलग जगहों से कुल नौ अपराधियों को गिरफ्तार किया। इनके पास से तीन पिस्टल, तीन देशी कट्टा और कुल 12 गोली के साथ-साथ मोबाइल फोन, सिम कार्ड और लूटपाट किये गए रूपये व अन्य सामान की बरामद किया है।

आरोपियों ने कुबूला जुर्म

सभी आरोपियों ने रेहला के सोनी हार्डवेयर के मालिक से रंगदारी के लिए दुकान पर गोली चलाने की बात स्वीकार किया है। इसके अलावा अपराधियों ने पड़वा के द्वारपार सीएसपी, नावाबाजार कंडा सीएसपी, उंटारी रोड थाना के पांडेपुरा सीएसपी व बिश्रामपुर के बंधन बैंक के केंद्र को लूटने की बात भी स्वीकार किया है।

कई अन्य जगहों पर भी करने वाले थे चोरी

अंतर्राज्यीय गिरोह के मुख्य सरगना आनंद दुबे उर्फ अभय उत्तर प्रदेश व छतीसगढ़ के कई थानो में रंगदारी लूट, डकैती व आर्म्स एक्ट में जेल जा चुका है। पुछताछ के दौरान उसने बताया गया कि इस योजना के बाद छतरपुर, पीपरा, हरिहरगंज, पड़वा, पाटन व सदर थाना क्षेत्रों में सीएसपी सेंटर की इन अपराधियों ने रेकी की  थी लेकिन घटना का अंजाम देने से पहले पुलिस ने इन्हें गिरफ्तार कर लिया।

Edited By: Mohit Tripathi

जागरण फॉलो करें और रहे हर खबर से अपडेट