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मैक्लुस्कीगंज में वन विभाग और तस्करों के बीच झड़प: विभाग की गाड़ी को टक्कर मार भागे माफिया, पिकअप जब्त

Published: Fri, 16 Oct 2026 01:25 AM (IST)

वन विभाग ने मैक्लुस्कीगंज और आसपास के जंगलों में सखुआ लकड़ी की अवैध कटाई और तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई ...और पढ़ें

वन विभाग की टीम को आते देख चालक और अन्य तस्कर अंधेरे का फायदा उठाकर फरार होने में सफल रहे।

वन विभाग की टीम को आते देख चालक और अन्य तस्कर अंधेरे का फायदा उठाकर फरार होने में सफल रहे।

जासं, मैक्लुस्कीगंज। मैक्लुस्कीगंज और आसपास के जंगलों में सखुआ (साल) के वृक्षों की अवैध कटाई और लकड़ी तस्करी के खिलाफ वन विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए बुधवार की देर रात एक बड़ी कार्रवाई की। 
 
मांडर, बुढ़मू और खलारी वन प्रक्षेत्र की संयुक्त टीम ने सखुआ के 22 अवैध बोटों (लट्ठों) से लदे एक पिकअप वाहन (JH 01X 8958) को पीछा कर बुढ़मू क्षेत्र से जब्त कर लिया। 
 

लंबे समय से मिल रही थी तस्करी की सूचना 

हालांकि, वन विभाग की टीम को आते देख चालक और अन्य तस्कर अंधेरे का फायदा उठाकर फरार होने में सफल रहे। वन विभाग को मैक्लुस्कीगंज क्षेत्र से कीमती सखुआ की लकड़ियों की तस्करी की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। 
 
इस पर संज्ञान लेते हुए रेंजर गायत्री देवी ने मामले को गंभीरता से लिया और त्वरित कार्रवाई के निर्देश जारी किए। तस्करों को रंगे हाथ दबोचने के लिए रेंजर के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन कर चामा के पास नाकेबंदी की गई थी।
 

फिल्मी अंदाज में पीछा कर पकड़ा वाहन 

बुधवार की देर रात दुल्ली की ओर से आ रहे एक संदिग्ध पिकअप वाहन को जब टीम ने रुकने का इशारा किया, तो चालक ने गाड़ी की रफ्तार बढ़ा दी और भागने की कोशिश की। 
 
वन विभाग की टीम ने बिना समय गंवाए वाहन का पीछा करना शुरू कर दिया। इस दौरान तस्करों ने भागने की हड़बड़ी में वन विभाग की गाड़ी को टक्कर भी मारी, जिससे विभागीय वाहन को आंशिक नुकसान पहुंचा। 
 

वाहन मालिक और तस्करों पर केस दर्ज 

इसके बावजूद टीम ने बुढ़मू के पास तस्करों के वाहन को घेरकर जब्त कर लिया। जब्त पिकअप और अवैध लकड़ियों को मांडर स्थित वन विभाग के डाक बंगला परिसर में सुरक्षित रखवाया गया है। 
 
इस मामले में दो अज्ञात व्यक्तियों के विरुद्ध वन अपराध अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। इसके साथ ही बुढ़मू थाने में प्राथमिकी दर्ज कराने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। 
 
पुलिस और वन विभाग वाहन के निबंधन (रजिस्ट्रेशन) और चेसिस नंबर के आधार पर उसके वास्तविक मालिक की पहचान करने में जुटे हैं।
 
रेंजर गायत्री देवी ने कड़ा संदेश देते हुए कहा कि वन संपदा की लूट और तस्करी किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। फरार तस्करों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी जारी है।