रांची, जासं। पति की लंबी आयु एवं स्वस्थ शरीर के लिए सुहागिन महिलाएं रविवार को करवा चौथ का व्रत रखेंगी। रांची में सामूहिक करवा चौथ की व्रत कथा इस वर्ष भी लाला लाजपत राय पथ स्थित पंजाबी भवन में होगी। यह जानकारी देते हुए पंजाबी हिंदू बिरादरी के प्रवक्ता अरुण चावला ने बताया कि कार्यक्रम रविवार 24 अक्टूबर को संध्या 4 से 5 बजे तक होगा। कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि में होने वाला अखंड सौभाग्यवती व्रत करवा चौथ सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी आयु और वैवाहिक जीवन सुखमय होने की कामना के लिए करती हैं। निर्जला व्रत रखा जाता है।

पंचांग के अनुसार इस वर्ष का करवा चौथ 24 अक्टूबर को रविवार के दिन मनाया जाएगा। पंडित के अनुसार रविवार के दिन रोहिणी नक्षत्र में व्रत करने वाली महिलाओं को सूर्यदेव का असीम आशीर्वाद प्राप्त होगा। करवा चौथ को करक चतुर्थी भी कहा जाता है। यह दिन 27 नक्षत्र में स्वाति नक्षत्र का भी आगमन होता है। करवा चौथ के दिन जो नक्षत्र है, वह बहुत ही सुंदर और अच्छा माना जाता है। बता दें कि रोहिणी भाद्रपद महिना में जो चौठ पूजन होता है वह रोहिणी नक्षत्र के होने से ही पूजा होता है। इसी प्रकार करवा चौथ का व्रत सुहागिन महिलाएं अपने सुहाग की रक्षा करने के लिए करती हैं। इसका शुभ समय रात्रि के 7:52 बजे चंद्र का उदय है, जो स्वाती नक्षत्र पर रात के 7:35 बजे से है। इसे दशरथ चतुर्थी भी कहां जाता है

इस बार की सुहाग को दीर्घायु के साथ आरोग्यता की होगी प्राप्ति : इस बार करवा चौथ व्रत रविवार को पड़ रहा है। रविवार का दिन हिंदू धर्म में भगवान सूर्य को समर्पित है। इस दिन व्रत रखने से सूर्यदेव अति प्रसन्न होकर भक्तों पर विशेष कृपा बरसाते हैं। इस बार महिलाएं करवा चौथ का व्रत रविवार को रखेंगी, इससे व्रती को भगवान सूर्य की कृपा प्राप्त होगी। धार्मिक मान्यता के अनुसार सूर्य की कृपा से भक्त को दीर्घायु की प्राप्त के साथ आरोग्यता का आर्शीवाद मिलता है। करवा चौथ व्रत भी दीर्घायु के लिए रखा जाता है, ऐसे में रविवार के दिन करवा चौथ व्रत का महत्व अधिक बढ़ जाता है।

Edited By: Kanchan Singh