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चक्रवात 'अर्णब' का अलर्ट: झारखंड में बीडीओ और थाना प्रभारी रहेंगे 24 घंटे मुस्तैद, NDRF-SDRF की टीमें तैनात

Published: Tue, 27 Oct 2026 08:46 PM (IST)Updated: Tue, 27 Oct 2026 09:59 PM (IST)

झारखंड में चक्रवात 'अर्णव' के संभावित खतरे और भारी बारिश की चेतावनी के मद्देनजर आपदा प्रबंधन विभाग पूरी तरह अलर्ट पर है।

मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने राज्य के सभी जिलों के उपायुक्तों को तत्काल प्रभाव से आवश्यक और सुरक्षात्मक कदम उठाने के सख्त निर्देश दिए हैं।

मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने राज्य के सभी जिलों के उपायुक्तों को तत्काल प्रभाव से आवश्यक और सुरक्षात्मक कदम उठाने के सख्त निर्देश दिए हैं।

HighLights

  1. एनडीआरएफ-एसडीआरएफ टीमें तैनात, निचले इलाकों से निकासी।

  2. रांची समेत कई जिलों में स्कूल-कॉलेज बंद किए गए।

राज्‍य ब्‍यूरो, रांची। झारखंड में चक्रवात 'अर्णव' के संभावित खतरे और भारी बारिश की चेतावनी को देखते हुए राज्य का आपदा प्रबंधन विभाग पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गया है। 
 
विभाग के मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने राज्य के सभी जिलों के उपायुक्तों को तत्काल प्रभाव से आवश्यक और सुरक्षात्मक कदम उठाने के सख्त निर्देश दिए हैं।
 

जिले स्तर पर आपात बैठक और एनडीआरएफ तैनात 

आपदा प्रबंधन मंत्री ने बताया कि राज्य में तेज हवाएं चलने और मूसलाधार बारिश के कारण बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो सकती है। 
 
इसे देखते हुए सभी उपायुक्तों को जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) की आपात बैठक बुलाने और एनडीआरएफ व एसडीआरएफ की टीमों को संभावित प्रभावित क्षेत्रों में तैनात करने के निर्देश दिए गए हैं। 
 

अस्पतालों में विशेष व्यवस्था और 24 घंटे निगरानी 

निचले और जलजमाव वाले क्षेत्रों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित करने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। प्रशासन ने बिजली आपूर्ति, संचार व्यवस्था और स्वास्थ्य सेवाओं को दुरुस्त रखने पर विशेष जोर दिया है। 
 
सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों (BDO) और थाना प्रभारियों को 24 घंटे स्थिति पर कड़ी निगरानी रखने को कहा गया है। इसके साथ ही स्वास्थ्य विभाग ने सभी सिविल सर्जनों को किसी भी विषम परिस्थिति से निपटने और अस्पतालों में पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित रखने का निर्देश जारी किया है।
 

स्कूल-कॉलेजों में छुट्टी और अफवाहों से बचने की अपील 

चक्रवात के असर को देखते हुए रांची समेत कई जिलों में उपायुक्तों के स्तर पर एहतियातन स्कूल और कॉलेजों को बंद रखने का आदेश जारी किया जा रहा है। 
 
जनसंपर्क पदाधिकारियों के माध्यम से जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है, ताकि लोग अफवाहों पर ध्यान न देकर केवल प्रशासनिक निर्देशों का पालन करें।