विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

झारखंड के सारंडा में सक्रिय माओवादी दंपत्ति ने कोलकाता पुलिस के सामने किया आत्मसमर्पण

Published: Fri, 23 Oct 2026 08:45 PM (IST)

झारखंड के सारंडा क्षेत्र में सक्रिय माओवादी दंपत्ति समीर महतो उर्फ मंगल और मालती मुर्मू ने कोलकाता पुलिस के सामने ...और पढ़ें

झारखंड सरकार ने दोनों पर रखा था सात लाख रुपये का इनाम।

झारखंड सरकार ने दोनों पर रखा था सात लाख रुपये का इनाम।

HighLights

  1. माओवादी दंपत्ति समीर महतो और मालती मुर्मू ने आत्मसमर्पण किया।

  2. झारखंड सरकार ने दोनों पर कुल सात लाख रुपये का इनाम रखा था।

  3. कोलकाता पुलिस को एके-47 और इंसास राइफल भी सौंपी गई।

राज्य ब्यूरो, रांची। झारखंड के सारंडा क्षेत्र में सक्रिय रहे माओवादी दंपत्ति ने कोलकाता पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया है। आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों में पश्चिम बंगाल के झाड़ग्राम जिले के बेलपहाड़ी थाना क्षेत्र के बिदी गांव का समीर महतो उर्फ मंगल तथा उसी थाना क्षेत्र के गोपीबल्लभपुर गांव की मालती मुर्मू शामिल हैं।

आत्मसमर्पण करने वाला समीर महतो उर्फ मंगल माओवादियों का सब जोनल कमेटी सदस्य था, जिसपर झारखंड सरकार ने पांच लाख रुपये का इनाम घोषित कर रखा था। वहीं, उसकी पत्नी मालती मुर्मू माओवादियों की एरिया कमांडर थी और उसपर राज्य सरकार ने दो लाख रुपये का इनाम घोषित किया था।

दोनों ने कोलकाता पुलिस आयुक्त अजय नंदा के सामने एक एके-47 और एक इंसास राइफल भी सौंपी है। पुलिस के अनुसार, मंगल के खिलाफ झारखंड में छह से सात मामले दर्ज हैं।

आत्मसमर्पण के बाद मंगल ने कहा है कि सशस्त्र संघर्ष के जरिए सामाजिक बदलाव नहीं लाया जा सकता। गौरतलब है कि इससे पहले जून में माओवादी नेता पुष्पा उर्फ शकुंतला ने भी कोलकाता पुलिस के सामने आत्मसमर्पण किया था।

वहीं, इससे एक महीने पहले वरिष्ठ माओवादी नेता श्रद्धा बिस्वास उर्फ बेला को उत्तर काशीपुर इलाके से गिरफ्तार किया गया था। बता दें कि झारखंड से पहले ही माओवाद का खात्मा हो चुका है। सारंडा का आखिरी गढ़ भी सुरक्षा बलों ने ध्वस्त कर दिया था।

यह भी पढ़ें- माओवादियों का खात्मा कर लौट रही बटालियनें, झारखंड में सेंट्रल फोर्स के खाली सुरक्षा कैंप बनेंगे विकास के केंद्र

यह भी पढ़ें- झारखंड से माओवाद का समापन, वापस हो जाएंगी सीआरपीएफ की नौ बटालियनें; अभी राज्य में 81 कंपनियां