रांची, राज्य ब्यूरो। झारखंड की राज्यपाल द्रौपदी मुर्मू ने कहा है कि कोरोना काल में शैक्षणिक संस्थानों के बंद होने से शिक्षकों की जिम्मेदारी बढ़ जाती है। ऐसे में शिक्षकाें से एक अभिभावक के रूप में विद्यार्थियों को मार्गदर्शन देने की अपेक्षा की जाती है। उन्होंने सभी कॉलेजों व विश्वविद्यालयों के शिक्षकों से वाट्सएप ग्रुप बनाकर विद्यार्थियाें को मार्गदर्शन देने का आह्वान किया है। साथ ही विश्वविद्यालय के कुलपतियों को भी इसे लागू करने के निर्देश दिए हैं।

राज्यपाल से बुधवार को नीलंबार-पीतांबर विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. रामलखन सिंह तथा विनोबा भावे विश्वविद्यालय के कुलपति डाॅ. एमएन देव ने राजभवन आकर अलग-अलग मुलाकात की। इस क्रम में राज्यपाल ने दोनों विश्वविद्यालयों की शैक्षणिक एवं प्रशासनिक गतिविधियों की समीक्षा की तथा उक्त निर्देश दिए। राज्यपाल ने कुलपतियों से कहा कि वर्तमान में चुनौती भरे कोरोना काल में शिक्षक विद्यार्थियों का निरंतर मार्गदर्शन करते रहें।

उन्होंने कहा कि सुदूरवर्ती ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले विद्यार्थियों को किस प्रकार ऑनलाइन शिक्षा में मदद पहुंचाई जा सके, इस दिशा में भी प्रयास हो। विश्वविद्यालय को हर हाल में विद्यार्थियों को सही दिशा देने हेतु सतत प्रयत्नशील रहना चाहिए। इस दौरान कुलपतियों ने विश्वविद्यालयों के शैक्षणिक एवं प्रशासनिक कार्यों से राज्यपाल को अवगत कराया।

Edited By: Sujeet Kumar Suman