रांची, राज्य ब्यूरो। माध्यमिक शिक्षा निदेशक जटाशंकर चौधरी ने झारखंड में फर्जी ढंग से चल रहे झारखंड स्टेट ओपन स्कूल के प्रमाणपत्र की वैधता को लेकर रेलवे को आगाह किया है। उन्होंने रेलवे बोर्ड, नई दिल्ली के अध्यक्ष को पत्र भेजकर कहा है कि झारखंड में एकमात्र झारखंड एकेडमिक काउंसिल (जैक) ही एकमात्र संस्था है, जो वैधानिक रूप से मैट्रिक तथा इंटरमीडिएट को प्रमाणपत्र निर्गत करती है। इसके अतिरिक्त झारखंड में किसी भी संस्था को इन परीक्षाओं के उत्तीर्ण होने का प्रमाणपत्र देेने का अधिकार नहीं है।

माध्यमिक शिक्षा निदेशक ने रांची में फर्जी ढंग से चल रहे झारखंड स्टेट ओपन स्कूल की मान्यता केंद्रीय मानव संसाधन मंत्रालय तथा झारखंड सरकार से नहीं होने की जानकारी देते हुए कहा है कि इसके फर्जी संस्थान होने को लेकर पहले भी सूचना प्रकाशित की जाती रही है।

यह भी बताया है कि इस फर्जी बोर्ड की मान्यता के संबंध में पूर्व  में भी रेलवे के विभिन्न प्रमंडलों द्वारा सूचना मांगी जाती रही है तथा इसके फर्जी होने की सूचना दी जाती रही है। उन्होंने रेलवे बोर्ड को उसके विभिन्न प्रमंडलों को इससे अवगत कराने का अनुरोध किया है, ताकि अभ्यर्थियों के प्रमाणपत्रों की जांच समय पर हो सके।

Posted By: Alok Shahi

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप