चतरा, जागरण संवादाता। Jharkhand News : लंबे समय तक बिजली की किल्लत (Power Shortage) झेलने वाले चतरा (Chatra) जिला का भविष्य बिजली (Power) के मामले में काफी उज्जवल होने वाला है। भविष्य में यह चतरा जिला 320 मेगावाट बिजली (320 MW Power) की क्षमता वाला जिला बन जाएगा। वर्तमान समय में चतरा 80 मेगावाट बिजली (80 MW Power) की खपत कर सकता है। डाढा, सिमरिया तथा हंटरगंज मिनी पावर ग्रिड (Mini Power Grid) का संचालन शुरू होने के बाद 240 मेगावाट बिजली की क्षमता (Electric Potential) जिले में और बढ़ जाएगी।

ट्रांसमिशन लाइन के माध्यम से विद्युत पावर उपलब्ध कराने की क्षमता

मालूम हो कि इटखोरी के चोरकारी गांव में नवनिर्मित पावर ग्रिड सब स्टेशन में 80 मेगावाट बिजली आपूर्ति की क्षमता है। यह पावर ग्रिड सबस्टेशन मदर ग्रिड है। इसमें चार मिनी पावर ग्रिड सबस्टेशन को ट्रांसमिशन लाइन के माध्यम से विद्युत पावर उपलब्ध कराने की भी क्षमता है।

डाढा मिनी पावर ग्रिड सबस्टेशन फिलहाल बनकर तैयार

आने वाले समय में चतरा जिला के तीन मिनी पावर ग्रिड सबस्टेशन को तथा हजारीबाग जिला के एक मिनी पावर ग्रिड सबस्टेशन को ट्रांसमिशन लाइन की बिजली चोरकारी पावर ग्रिड सबस्टेशन से ही उपलब्ध कराई जाएगी। चतरा जिला का डाढा मिनी पावर ग्रिड सबस्टेशन फिलहाल बनकर तैयार हो गया है। जबकि सिमरिया का मिनी पावर ग्रिड सबस्टेशन निर्माणाधीन है।

चतरा जिला 320 मेगावाट बिजली की आपूर्ति करने वाला जिला बन जाएगा

जिले के हंटरगंज प्रखंड में भी एक मिनी पावर ग्रिड सब स्टेशन का निर्माण किया जाना है। पावर ग्रिड के डीजीएम शिवशंकर प्रसाद बताते हैं कि चोरकारी पावर ग्रिड सबस्टेशन की तरह ही चतरा के डाढा, सिमरिया तथा हंटरगंज में संचालित होने वाले मिनी पावर ग्रिड सबस्टेशन से भी 80-80 मेगावाट बिजली की आपूर्ति संभव हो सकेगी। इस तरह चतरा जिला 320 मेगावाट बिजली की आपूर्ति करने वाला जिला बन जाएगा।

दूसरे जिले में भी की जाएगी बिजली की आपूर्ति 

पावर ग्रिड के डीजीएम बताते हैं कि आने वाले समय में चतरा से दूसरे जिलों में भी विद्युत की आपूर्ति की जाएगी। क्योंकि 320 मेगावाट बिजली की खपत चतरा जिला में नहीं हो सकती है। उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में चोरकारी पावर ग्रिड सबस्टेशन से भी हजारीबाग जिला के कुछ क्षेत्रों को बिजली की आपूर्ति की जा रही है।

Edited By: Sanjay Kumar