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झारखंड स्टेट बार काउंसिल चुनाव का एलान: 4 नवंबर को होगा मतदान, 26-27 अक्टूबर तक दाखिल होंगे नामांकन

Published: Tue, 13 Oct 2026 11:24 PM (IST)

झारखंड स्टेट बार काउंसिल के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और बीसीआई सदस्य पदों के चुनाव की घोषणा हो गई है, जिसमें मतदान ...और पढ़ें

निर्वाचन कार्यक्रम के अनुसार, 28 अक्टूबर को नामांकन पत्रों की जांच की जाएगी और उसी दिन शाम पांच बजे वैध उम्मीदवारों की सूची प्रकाशित की जाएगी।

निर्वाचन कार्यक्रम के अनुसार, 28 अक्टूबर को नामांकन पत्रों की जांच की जाएगी और उसी दिन शाम पांच बजे वैध उम्मीदवारों की सूची प्रकाशित की जाएगी।

HighLights

  1. झारखंड बार काउंसिल चुनाव 4 नवंबर को, नामांकन 26-27 अक्टूबर।

  2. जया राय, लक्ष्मी मुर्मू स्टेट बार काउंसिल की नामित सदस्य।

  3. हाईकोर्ट के खिलाफ आपत्तिजनक पोस्ट पर एडवोकेट्स एसोसिएशन सख्त।

राज्य ब्यूरो, रांची। झारखंड स्टेट बार काउंसिल के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और बार काउंसिल ऑफ इंडिया (बीसीआइ) के सदस्य पद के चुनाव की घोषणा कर दी गई है। 
 
बहुप्रतीक्षित यह चुनाव आगामी चार नवंबर को आयोजित किया जाएगा। चुनाव प्रक्रिया के तहत 26 और 27 अक्टूबर को नामांकन पत्र दाखिल किए जा सकेंगे।
 
निर्वाचन कार्यक्रम के अनुसार, 28 अक्टूबर को नामांकन पत्रों की जांच की जाएगी और उसी दिन शाम पांच बजे वैध उम्मीदवारों की सूची प्रकाशित की जाएगी। 
 
इसके बाद 29 अक्टूबर को सुबह 11 बजे से शाम चार बजे तक उम्मीदवार अपना नाम वापस ले सकेंगे, और उसी दिन शाम पांच बजे उम्मीदवारों की अंतिम सूची जारी कर दी जाएगी। चार नवंबर को सुबह 11:30 बजे से मतदान और परिणामों की घोषणा की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
 
झारखंड स्टेट बार काउंसिल के बंगला नंबर आठ, केंद्रीय विद्यालय के निकट, डोरंडा स्थित कार्यालय में नामांकन पत्र उपलब्ध होंगे तथा नामांकन दाखिल करने, जांच और नाम वापसी से जुड़ी सभी प्रक्रियाएं इसी कार्यालय में संपन्न होंगी।
 

पूर्व जज जया राय और अधिवक्ता लक्ष्मी मुर्मू नामित सदस्य बनीं 

इस बीच, झारखंड स्टेट बार काउंसिल के सदस्य के रूप में पूर्व जज जया राय और उच्च न्यायालय की अधिवक्ता लक्ष्मी मुर्मू को नामित किया गया है। 
 
इस संबंध में राज्य सरकार की ओर से आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी गई है। इससे पहले झारखंड हाईकोर्ट की ओर से दोनों नामों की अनुशंसा राज्य सरकार को भेजी गई थी। नियमानुसार, इस बार स्टेट बार काउंसिल में दो महिला सदस्यों को नामित किया जाना था।
 

हाईकोर्ट के खिलाफ आपत्तिजनक पोस्ट पर एडवोकेट्स एसोसिएशन सख्त 

दूसरी ओर, झारखंड हाईकोर्ट एडवोकेट्स एसोसिएशन ने उच्च न्यायालय के कामकाज के खिलाफ इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित हो रही अपमानजनक, भ्रामक और अवमाननापूर्ण टिप्पणियों पर कड़ी आपत्ति जताई है। 
 
एसोसिएशन की कार्यकारी समिति ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर इन आधारहीन पोस्ट की पुरजोर निंदा की है। एसोसिएशन ने स्पष्ट किया है कि सोशल मीडिया पर चल रही ये पोस्ट किसी भी प्रामाणिक साक्ष्य पर आधारित नहीं हैं।
 
बल्कि इनका उद्देश्य न्यायिक संस्था की गरिमा को ठेस पहुंचाना और न्याय व्यवस्था में जनता के भरोसे को कमजोर करना है। संविधान के अनुच्छेद 215 के तहत उच्च न्यायालय एक 'कोर्ट ऑफ रिकॉर्ड' है, और इसकी गरिमा की रक्षा करना अनिवार्य है।
 
एसोसिएशन के महासचिव नवीन कुमार की ओर से जारी विज्ञप्ति में चेतावनी दी गई है कि ऐसे कृत्यों में शामिल लोगों के खिलाफ न्यायालय अवमानना और अन्य सुसंगत कानूनों के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, आम जनता और मीडिया से अपील की गई है कि वे ऐसी अपुष्ट और भ्रामक सामग्री को साझा करने से बचें।