रांची, (शक्ति सिंह)। साइबर अपराध से परेशान झारखंड में मेडिक्लेम में सेंधमारी की सूचना आ रही है। जिस महिला को डेंगू हुआ ही नहीं उस महिला के डेंगू के इलाज के नाम पर 8,14,533 हजार रुपए मेडिक्लेम कर निकाल लिए गए। जबकि बिल 865723 का बना था। यह फर्जीवाड़ा अपराधियों ने किया या मेडिक्लेम कंपनी के लोगों ने किया या फिर निजी अस्पताल के कर्मियों ने की इसका खुलासा अब जांच होने के बाद ही पता चलेगा।

धुर्वा की रहने वाली अनारकली देवी पटना गई भी नहीं और पटना में डेंगू पीड़ित दिखाकर वहां के रक्षिता ट्रॉमा हॉस्पिटल भूतनाथ रोड में एडमिट दिखाकर पैसे निकाल लिए गए। दरअसल महिला को 2 अप्रैल 2021 को कोरोना होने पर रांची के पल्स हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। एक 11 अप्रैल को अस्पताल से महिला ठीक होने पर अस्पताल से डिस्चार्ज कराया गया जहां महिला ने मेडिक्लेम के माध्यम से 1. 23 लाख रुपए का भुगतान किया।

हालांकि इस मामले का खुलासा तब हुआ जब घर में किसी सदस्य को इलाज के नाम पर भर्ती कराना था। इस पर परिवार वालों ने विपुल मेडी कॉर्प के मेडिक्लेम स्टेटस को ऑनलाइन देखा है । तब जाकर इस मामले की जानकारी मिली। पटना में अनारकली को डेंगू के नाम पर 17 सितंबर से 2 अक्टूबर 2021 तक भर्ती दिखाया गया है। पैसे का अप्रूवल 2 अक्टूबर को 3.50 बजे हुआ है। मेडिकल इंश्योरेंस का आईडी कार्ड नंबर 0111360 0274 32607 है। जबकि मेडिक्लेम 20 लाख रुपए का है । कंपनी से जब परिवार वालों ने बात की तो उन्होंने कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया बल्कि आश्वासन दिया कि मामले का निदान कर लिया जाएगा। फिलहाल इस मामले में परिवार के सदस्यों ने ऑनलाइन धुर्वा थाने में शिकायत दर्ज कराई है।

कोई बात करके बताते हैं कि जब पहली बार अप्रैल में अनारकली देवी को भर्ती कराया गया था उस दौरान दिए गए डॉक्यूमेंट का इस्तेमाल पटना के लिए किया गया है। क्योंकि जो आईडी नंबर दर्ज हुआ है वह आईडी नंबर पहले वाला है।

'जब मैंने अपने इंश्योरेंस का मेडिक्लेम स्टेटस देखा तो पाया कि अक्टूबर माह में अनारकली देवी के नाम पर ही 814533 रुपए का क्लेम किया गया है। जबकि उनके द्वारा रांची में ही अनारकली देवी का एक बार ही इलाज कराया गया है।'

रूबी

परिवार की सदस्य, धुर्वा

Edited By: Madhukar Kumar