यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 24, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Sandhya Topno Murder Case: जानिए, गाड़ी चढ़ाकर कैसे की गई महिला दारोगा की हत्या, पशु तस्कर नेजार खान ने सुनाई कहानी
Ranchi Inspector Murder Case महिला दारोगा संध्या टोपनो हत्याकांड में गिरफ्तार पशु तस्कर नेजार खान ने बड़ा खुलासा किया है। ...और पढ़ें

रांची, {प्रिंस श्रीवास्तव/ संजय साहु}। रांची के तुपुदाना क्षेत्र में 20 जुलाई की भोर करीब ढाई बजे महिला दारोगा संध्या टोपनो को उड़ाने वाले पशु लदे वाहन के चालक नेजार खान ने पुलिस को दिए अपने स्वीकारोक्ति में पशु तस्करी के अपने धंधे की पूरी जानकारी दी है। उसने यह भी बताया है कि घटना के दिन क्या हुआ था। उसने बताया है कि करीब एक वर्ष पहले उसका परिचय खूंटी के तोरपा निवासी साजिद खान से हुआ था। इसके बाद वह साजिद खान के साथ मिलकर रांची के कांटाटोली के महमूद तक पशुओं की तस्करी करने लगा। महमूद का कांटाटोली के पास बूचड़खाना है, जिसे पुलिस ने एक दिन पहले ही गिरफ्तार कर लिया है।
ओडिशा से रांची के कांटा टोली ला रहे थे आठ पशु
गिरफ्तार महमूद से रांची पुलिस पूछताछ कर रही है। पूर्व में गिरफ्तार नेजार खान ने पुलिस को बताया कि 19 जुलाई की रात वह साजिद के साथ हर बार की तरह ओडिशा के खटकूल बहार में साजिद के ही पिकअप वैन जेएच-01ईजे-7501 से पहुंचा था। वहां बलू नामक एक व्यक्ति अपने यहां पशुओं को रखा था। वहीं पर कुल आठ पशुओं को लेकर वह व साजिद रांची के कांटाटोली के लिए चले थे। नेजार के अनुसार वह व साजिद दोनों ही गाड़ी चलाते हैं। दोनों ने तय किया कि गाड़ी को पुलिस या कोई भी रोकने का प्रयास करेगा तो वे लोग गाड़ी उस रोकने वाले पर चढ़ा देंगे। उनलोगों की गाड़ी के साथ साजिद का ही एक सफेद अल्टो कार चल रहा था, जिसमें चार-पांच व्यक्ति उनके सहयोग में आगे-आगे चल रहे थे, जो पुलिस गश्त व बैरिकेटिंग की जानकारी दे रहे थे।
बसिया में पुलिस ने रोकने के लिए कर रखी थी घेराबंदी
नेजार व साजिद गाड़ी को लेकर जैसे ही बसिया पहुंचे, पुलिस ने रोकने के लिए घेराबंदी कर रखा था, जिसे तोड़ते हुए वे आगे बढ़ गये। इसके बाद बसिया पुलिस उनका पीछा करने लगी। इसके बाद दोनों ने गाड़ी की स्पीड बढ़ा दी और जैसे ही तोरपा थाना के पास पहुंचे कि वहां सड़क पर ही हाइवा गाड़ी लगा था। वहां से भी नेजार ने अपनी पशु लदी गाड़ी को किनारे से निकलकर भागने लगे। पीछे से बसिया व तोरपा थाने की पुलिस बार-बार रोकने के लिए चिल्ला रही थी, लेकिन नेजार व साजिद ने तय कर लिया था कि उन्हें किसी तरह नहीं रूकना है।
हुलहुंडू में दिखी पुलिस गाड़ी, रूकने का किया इशारा
दोनों ने तय किया कि रांची रिंग रोड के रास्ते कांटाटोली तक पहुंच जाना है। गाड़ी भगाने के क्रम में ही तुपुदाना क्षेत्र में हुलहुंडू के पास पुलिस गाड़ी खड़ी दिखी। पुलिस वाले दूर से ही गाड़ी रोकने का इशारा कर रहे थे। तब दोनों ने तय किया कि पुलिस पर गाड़ी चढ़ाते हुए निकल जाना है। यही किया भी, हत्या के इरादे से पुलिस पर काफी तेजी से गाड़ी चढ़ाते हुए दोनों रिंग रोड पर चढ़ गए और रिंग रोड में रेलवे पुल से जैसे ही आगे बढ़े की गाड़ी का चक्का फट गया और गाड़ी पलट गई। यहां पर साजिद भागने में सफल हो गया तथा वहीं पर पशु सहित गाड़ी के साथ नेजार पकड़ा गया। नेजार ने स्वीकार किया है कि उसने जानबूझकर महिला दारोगा पर गाड़ी चढ़ाई, जिससे महिला दारोगा संध्या टोपनो की मौत हो गई।
पशु तस्करों ने संध्या को पहुंचाया था रांची रिम्स
नेजार खान ने खुलासा किया है कि दूसरे पशु तस्कर आल्टो कार से पिकअप वैन के आगे आगे चल रहे थे। तुपुदाना में पुलिस ने आल्टो कार को रोक लिया था, लेकिन पिकअप वैन के पहुंचनेे के बाद घटना हुई और नेजार खान वहां से निकल गया। पुलिस को इसकी जानकारी नहीं थी कि आल्टो कार में पशु तस्कर हैं। वही पशु तस्कर पुलिस के साथ मिलकर जख्मी हालत में महिला दारोगा संध्या टोपनो को रिम्स पहुंचाने के बाद वहां से फरार हो गए थे। पुलिस सीसीटीवी फुटेज की मदद से आल्टो कार का डिटेल निकालने का प्रयास कर रही है।
अब हर वाहन का नंबर नोट कर रही है पुलिस
रांची पुलिस तस्करों पर काबू पाने के लिए हर चौक चौरहों पर बैरिकेटिंग लगाकर हर वाहनों का नंबर नोट कर रही है। इसके अलावा हर वाहन की जांच की जा रही है। रिंग रोड़ के समीप पुलिस की विशेष नजर है। पशु तस्कर रिंग रोड़ का ही इस्तेमाल कर शहर में प्रवेश करते हैं और बुचड़खाना तक पशु को पहुंचाने के बाद आसानी से निकल जाते हैं।
पिकअप वैन के चक्के में मारी थी गोली: पुलिस
पुलिस का कहना है कि बसिया में पुलिस ने बांस से बैरिकेटिंग की थी। इस वजह से पशु तस्कर बांस को तोड़ते हुए आसानी से फरार हो गए थे। कर्रा में भी बैरिकेटिंग लगाया गया था। लेकिन पशु तस्करों ने वहां भी बैरिकेंटग को उड़ा दिया। कर्रा थानेदार ने पिकअप वैन का पीछा किया और पहले हवाई फायरिंग कर पशु तस्करों को रोकने का प्रयास किया गया लेकिन पशु तस्कर नहीं रुके। इसके बाद थानेदार ने पिकअप वैन के पीछे के दोनों चक्कों पर गोली मार दी। इस वजह से ही कुछ दूर जाने के बाद चक्का फट गया था। पुलिस ने गोली मारने का दावा किया है।
तीन थानों की पुलिस की हो रही जांच: एसपी
उधर, एसएसपी कौशल किशोर ने दैनिक जागरण से बातचीत में कहा कि रांची के धुर्वा, तुपुदाना, खरसीदाग पुलिस की कार्यशैली पर जांच चल रही है। पशु तस्करी को हर हाल में बंद किया जाएगा। पुलिस की स्पेशल टीम इसपर काम करेगी। जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
