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Jharkhand news: Cyber fraud ने दूसरे के दस्तावेजों का दुरुपयोग कर ले लिए 25 लाख का लोन, बैंक से आया नोटिस तो खुला राज

By Prince Kumar Edited By: Kanchan Singh
Published: Wed, 12 Nov 2025 03:10 PM (IST)

रांची में एक युवक साइबर अपराध का शिकार हुआ। अपराधियों ने उसके दस्तावेजों का गलत इस्तेमाल कर लाखों का लोन ...और पढ़ें

साइबर अपराधियों ने युवक के दस्तावेजों का दुरुपयोग कर उसके नाम पर लाखों रुपये का लोन ले लिया है।

साइबर अपराधियों ने युवक के दस्तावेजों का दुरुपयोग कर उसके नाम पर लाखों रुपये का लोन ले लिया है।

HighLights

  1. युवक के दस्तावेजों से फर्जी लोन

  2. साइबर अपराधियों ने किया दुरुपयोग

  3. रांची साइबर थाने में शिकायत दर्ज

जागरण संवाददाता,रांची। साइबर अपराधियों ने एक युवक के दस्तावेजों का दुरुपयोग कर उसके नाम पर लाखों रुपये का लोन ले लिया है। पीड़ित ने इस संबंध में साइबर थाना रांची में लिखित शिकायत दर्ज कराई है।

हिनू निवासी शिकायतकर्ता अविनाश कुमार ने पुलिस को दिए आवेदन में बताया कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने उनके व्यक्तिगत दस्तावेज जैसे पैन कार्ड, वोटर आइडी, जन्म तिथि और पता का गलत उपयोग कर उनके नाम पर 24,94,118 (चौबीस लाख चौरानवे हजार एक सौ अठारह रुपये) का पर्सनल लोन ले लिया है।

अविनाश ने बताया कि उन्हें इस फर्जीवाड़े की जानकारी तब हुई जब बैंक से इएमआइ भुगतान के लिए फोन आया। बैंक अधिकारियों से संपर्क करने पर पता चला कि एचडीएफसी बैंक, जमशेदपुर शाखा से यह लोन लिया गया है।

मोबाइल फोन हैक कर व्यक्तिगत डाटा का किया दुरुपयोग

अविनाश ने पुलिस को बताया कि उन्होंने जब बैंक जाकर जानकारी मांगी तो बैंक अधिकारियों ने बताया कि उनका मोबाइल फोन हैक कर अपराधियों ने उनके व्यक्तिगत डाटा का उपयोग किया और बिना ओटीपी मांगे उनके नाम पर लोन की प्रक्रिया पूरी कर ली।

इसके बाद पैसे को भी उनके खाते से निकाल लिया गया। पीड़ित ने अपने आवेदन में पुलिस से फर्जी लोन की जांच कर उसे तत्काल बंद कराने,अपराध में शामिल व्यक्तियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई करने, सिविल स्कोर ठीक करने और भविष्य में उसकी पहचान का दुरुपयोग न हो, इसके लिए साइबर सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।

साइबर थाना पुलिस ने शिकायत प्राप्त कर मामले की जांच शुरू कर दी है। प्राथमिक जांच में यह मामला फिशिंग और मोबाइल हैकिंग के जरिए की गई डिजिटल ठगी का प्रतीत हो रहा है। पुलिस ने बैंक से लोन से संबंधित ट्रांजेक्शन डिटेल और तकनीकी जानकारी मांगी है ताकि अपराधियों तक पहुंचा जा सके।