रांची, जासं। JAC 8th Board आठवीं बोर्ड परीक्षा का पैटर्न एक बार फिर बदला गया है। अब परीक्षा लगभग पहले की तरह ही होगी। लेकिन अतिरिक्त भाषा विषय की परीक्षा ली जाएगी। जैक द्वारा कुल 300 अंकों की परीक्षा ली जाएगी। एक प्रश्न ढाई अंकों का होगा। इसके अलावा 100 अंक विद्यालय द्वारा विद्यार्थियों के विभिन्न स्तर पर किए गए मूल्यांकन पर दिया जाएगा। इस तरह कुल 400 अंक हो जाएंगे। स्कूली शिक्षा एवंं साक्षरता विभाग ने सोमवार को इस नए पैटर्न की स्वीकृति दे दी।

गौरतलब है कि बीते 27 नवंबर को शिक्षा विभाग ने परीक्षा के लिए नया पैटर्न जारी कर जैक को परीक्षा आयोजित करने को कहा था। लेकिन जैक ने विभाग को पत्र लिखकर पुराने पैटर्न पर ही परीक्षा आयोजन की स्वीकृति का अनुरोध किया था। उसका कहना था कि परीक्षा की तैयारी लगभग पूरी हो गई है। इसके बाद विभाग ने पैटर्न में थोड़ा बदलाव कर परीक्षा आयोजन की अनुमति दे दी।

यह होगा परीक्षा का पैटर्न

वर्ष 2020 में आठवीं बोर्ड की परीक्षा 300 अंकों की होगी। इसमें हिंदी, अंग्रेजी, गणित, विज्ञान व सामाजिक विज्ञान से 20-20 प्रश्न पूछे जाएंगे। एक प्रश्न के लिए 2.50 अंक होंगे। इस तरह कुल अंक 250 हुए। इसके बाद अतिरिक्त विषय की भी परीक्षा होगी। इसमें 50 प्रश्न होंगे। एक प्रश्न के लिए एक अंक होंगे। यानी कुल अंक 300 हुए।

40 अंक उपस्थिति पर

जैक 300 अंकों की परीक्षा लेगा। इसके अलावा 100 अंक विद्यालय द्वारा छात्रों के मूल्यांकन के आधार पर दिए जाएंगे। इसमें 40 अंक विद्यार्थियों की उपस्थिति पर मिलेगा। इसी तरह 40 अंक झारखंड शिक्षा परियोजना द्वारा आयोजित परीक्षा एफए-1, 2, 3, 4 एवं एसए-1 के प्रदर्शन पर दिया जाएगा।

बाल संसद में सहभागिता, विद्यालय स्वच्छता/हैंड वाशिंग/ किचन गार्डेन एवं मध्याह्न भोजन में सहयोग के स्तर पर 10 अंक निर्धारित है। इसके अलावा 5 अंक प्रखंड स्तर पर पुरस्कार (वाद-विवाद प्रतियोगिता/क्विज/स्वच्छता संबंधी कार्यकलाप) तथा 5 अंक खेलकूद के आधार पर है।

परीक्षा फॉर्म 12 दिसंबर तक

आठवीं बोर्ड में भाग लेने के लिए परीक्षा फार्म 12 दिसंबर तक भरा जाएगा। बोर्ड में असफल विद्यार्थियों के लिए पूरक परीक्षा आयोजित की जाएगी। इसका आयोजन ग्रीष्मावकाश तक कर लिया जाएगा ताकि सफल विद्यार्थी आगामी कक्षा में सत्र के अनुसार पठन-पाठन कर सके।

पहले ऐसी होती थी परीक्षा

इससे पहले आठवीं बोर्ड की परीक्षा ओएमआर शीट पर हो चुकी है। इसमें पांच विषय हिंदी, अंग्रेजी, गणित, विज्ञान व सामाजिक विज्ञान से 20-20 ऑब्जेक्टिव प्रश्न पूछे जाते थे। ये सभी विषय एक पेपर में शामिल थे और परीक्षा एक ही दिन होती थी। एक प्रश्न के लिए एक अंक निर्धारित था। यानी कुल 100 अंकों की परीक्षा होती थी। अतिरिक्त विषय की परीक्षा नहीं होती थी।

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस