CBSE 10th & 12th Topper: अंकित दसवीं तथा सुहाना व अविनाश लातेहार के नेतरहाट विद्यालय के 12वीं के संयुक्त टापर
CBSE Class 12th and 10th Result 2022 झारखंड के सबसे प्रतिष्ठित सरकारी विद्यालय नेतरहाट आवासीय विद्यालय लातेहार के छात्र अंकित मुर्मू सीबीएसई की दसवीं की परीक्षा के परिणाम में विद्यालय टापर बने हैं। वहीं सुहाना सिंह व अविनाश कुमार 12वीं विज्ञान के परिणाम में संयुक्त टापर बने हैं।

रांची, राज्य ब्यूरो। CBSE Class 12th and 10th Result 2022 झारखंड के सबसे प्रतिष्ठित सरकारी विद्यालय नेतरहाट आवासीय विद्यालय, लातेहार के छात्र अंकित मुर्मू सीबीएसई की दसवीं की परीक्षा के परिणाम में विद्यालय टापर बने हैं। इन्हें कुल 97.80 प्रतिशत अंक मिले। वहीं, सुहाना सिंह व अविनाश कुमार 12वीं विज्ञान के परिणाम में अपने विद्यालय के संयुक्त टापर बने हैं। दोनों को इस परीक्षा में 95 प्रतिशत अंक मिले। सुहाना सिंह ने वर्ष 2020 में झारखंड एकेडमिक काउंसिल की दसवीं की परीक्षा में इसी स्कूल से राज्यभर में चौथा स्थान प्राप्त किया था। छात्राओं की श्रेणी में ये राज्य टापर थीं। उसे 486 (75.2 प्रतिशत) अंक मिले थे। सुहाना नेतरहाट आवासीय विद्यालय के प्राचार्य डा. संतोष कुमार सिंह की पुत्री है।
दसवीं की परीक्षा में कुल 99 छात्र शामिल हुए थे, 32 छात्रों का 90 प्रतिशत से अधिक अंक
नेतरहाट विद्यालय के प्राचार्य डा. संतोष कुमार सिंह के अनुसार, दसवीं की परीक्षा में कुल 99 छात्र शामिल हुए थे, जिनमें 32 छात्रों का 90 प्रतिशत से अधिक अंक मिले। 44 छात्रों को 80 से 90 प्रतिशत के बीच अंक मिले। अमृत कुमार ने दसवीं की परीक्षा में गणित में 100 में 100 अंक प्राप्त किया।
12वीं की परीक्षा में शामिल हुए कुल 20 विद्यार्थी, तीन को 90 प्रतिशत से अधिक अंक
इसी तरह, कुल 20 विद्यार्थी 12वीं की परीक्षा में शामिल हुए, जिनमें तीन को 90 प्रतिशत से अधिक अंक मिले। इनमें सुहाना और अविनाश के अलावा कला में बलवंत कुमार (93 प्रतिशत) शामिल हैं। पांच विद्यार्थियों को 80 से 90 प्रतिशत तथा 11 को 70 से 80 प्रतिशत के बीच अंक मिले हैं। सुहाना सिंह ने संगीत में 100 में 100 अंक प्राप्त किए। वहीं, अविनाश कुमार ने शारीरिक शिक्षा में 100 में 99 अंक प्राप्त किए। बलवंत कुमार को राजनीतिक विज्ञान में 100 में 99 अंक मिले हैं।
विद्यालय के प्राचार्य ने परिणाम पर संतोष प्रकट करते हुए कहा कि पिछले वर्ष कोरोना के कारण बिना परीक्षा विद्यार्थियों को अंक मिले थे। पहली बार सीबीएसई की परीक्षा में विद्यालय के इस दूसरे बैच के बच्चे शामिल हुए।

कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।