रांची [दिलीप कुमार]। कोरोना संक्रमण काल में भी झारखंड पुलिस का नक्सलियों के खिलाफ अभियान जारी रहा। जहां झारखंड पुलिस शहर व बाजार में शारीरिक दूरी का पालन कराने, विधि व्यवस्था संभालने, सामुदायिक किचन चलाने में व्यस्त रही, उतनी ही शिद्दत से नक्सलियों के विरुद्ध अभियान भी चलाती रही। नतीजा यह हुआ को पुलिस को खूब सफलताएं भी मिलीं। जनवरी 2020 से 31 जुलाई 2021 तक 688 नक्सली गिरफ्तार किए गए। इस अवधि में पुलिस से मुठभेड़ में 18 नक्सली मारे भी गए और 25 नक्सलियों ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण भी कर दिया। इस दरम्यान पुलिस ने नक्सलियों के पास से लेवी-रंगदारी के 37.17 लाख रुपये भी जब्त की।

पिछले सात साल के भीतर नक्सलियों के खिलाफ पुलिस के अभियान असर पड़ा है। वर्ष 2014 से ही नक्सलियों के खिलाफ पुलिस की दबिश जारी है। जनवरी 2014 से 31 जुलाई 2021 तक राज्य में पुलिस ने 3538 नक्सलियों को पकड़ा और 123 नक्सलियों को मुठभेड़ में मार गिराया। इस अवधि में 164 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण भी किया। नक्सलियों के पास से पुलिस ने इस अवधि में छह करोड़, 40 लाख 27 हजार रुपयों की भी बरामदगी की, पुलिस के लूटे गए 277 हथियारों को भी बरामद किया।

जनवरी 2014 से जुलाई 2021 तक नक्सलियों के खिलाफ अभियान का फलाफल

वर्ष गिरफ्तारी आत्मसमर्पण मुठभेड़ में ढेर बरामद रुपये

2014 504 12 10 31.62 लाख

2015 445 13 25 70.54 लाख

2016 487 39 21 3.02 करोड़

2017 561 47 07 01.41 करोड़

2018 497 16 16 39.34 लाख

2019 356 12 26 18.60 लाख

2020 445 14 14 21.13 लाख

2021 243 11 04 16.04 लाख

नोट : वर्ष 2021 का आंकड़ा 31 जुलाई तक का है।

सात सैक, 39 जोनल, 02 रिजनल, 78 सब जोनल को भी पकड़ा

- झारखंड पुलिस ने जनवरी 2014 से अब तक राज्य में जिन 3538 नक्सलियों को गिरफ्तार किया है, उनमें 25 लाख के इनामी सात स्पेशल एरिया कमेटी (सैक) सदस्य, 10 लाख के इनामी 39 जोनल कमांडर, 15 लाख के इनामी 02 रिजनल कमांडर, पांच लाख के इनामी 78 सब जोनल कमांडर व दो लाख रुपये के इनामी 148 एरिया कमांडर रैंक के नक्सली भी शामिल हैं। वहीं आत्मसमर्पण करने वाले 164 नक्सलियों में 04 सैक, 10 जोनल कमांडर, छह रिजनल कमांडर, 35 सब जोनल कमांडर व 22 एरिया कमांडर शामिल हैं।

Edited By: Vikram Giri