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चुटूआ नदी किनारे आलू की हुई बंपर पैदावार

किसानों के लिए चुटूआ नदी एक वरदान से कम नहीं है। हमेशा किसानों को यह नदी फायदेमंद रहा है। इस साल भी इसके पानी के कारण नदी के किनारे-किनारे आलू की बम्पर पैदावार हुई है। इससे किसानों के बीच खुशी का माहौल है। क्षेत्र के बसंतपुर जिटराटोंगरी हुरदाग रहावन लईयो आदि जगहों में इस नदी के कारण आलू के साथ-साथ साग मिर्चा फुलगोभी व मूली का पैदावार हुआ है। बसंतपुर के किसान रूपलाल महतो व बोधनाथ महतो ने कहा कि चुटूआ नदी वास्तव में किसानों के लिए काफी महत्वपूर्ण है। नदी के पानी से सालों भर इस क्षेत्र के किसान कुछ न कुछ फसल का पैदावार कर ही लेते है। इस साल हालांकि मौसम की मार के कारण आलू के फसल को कुछ हद तक नुकसान पहुंचा है वाबजूद ठीक है।

By JagranEdited By: Published: Sat, 04 Jan 2020 09:46 PM (IST)Updated: Sun, 05 Jan 2020 06:20 AM (IST)
चुटूआ नदी किनारे आलू की हुई बंपर पैदावार
चुटूआ नदी किनारे आलू की हुई बंपर पैदावार

संवाद सूत्र, घाटो(रामगढ़): किसानों के लिए चुटूआ नदी एक वरदान से कम नहीं है। हमेशा किसानों को यह नदी फायदेमंद रहा है। इस साल भी इसके पानी के कारण नदी के किनारे-किनारे आलू की बंपर पैदावार हुई है। इससे किसानों के बीच खुशी का माहौल है। क्षेत्र के बसंतपुर, जिटराटोंगरी, हुरदाग, रहावन, लईयो आदि जगहों में इस नदी के कारण आलू के साथ-साथ साग, मिर्चा, फुलगोभी व मूली का पैदावार हुआ है। बसंतपुर के किसान रूपलाल महतो व बोधनाथ महतो ने कहा कि चुटूआ नदी वास्तव में किसानों के लिए काफी महत्वपूर्ण है। नदी के पानी से सालों भर इस क्षेत्र के किसान कुछ न कुछ फसल का पैदावार कर ही लेते है। इस साल हालांकि मौसम की मार के कारण आलू के फसल को कुछ हद तक नुकसान पहुंचा है, वाबजूद उत्पादन ठीक है।

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