पाकुड़ : समाहरणालय के सभागार में मंगलवार को उद्योग विभाग की ओर से ईजी ऑफ डूइंग बिजनेश के तहत जिलास्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसकी अध्यक्षता उपायुक्त दिलीप कुमार झा ने की। कार्यशाला में जिला में निकट भविष्य में 50 करोड़ रुपये की लागत पर 7 लघु उद्योग लगाने को लेकर चर्चा हुई।

बैठक में बताया गया कि निकट भविष्य में जिले में 50 करोड़ की लागत पर 7 उद्योग लगेंगे। इसमें महेशपुर में 15 करोड़ और हिरणपुर के तोड़ाई में 10 करोड़ की लागत पर राइस मिल, महेशपुर में 5 करोड़ की लागत पर कोल्ड स्टोरेज, हिरणपुर के तारापुर में 5 करोड़ पर सोलर इंडस्ट्रीज, पाकुड़ में 5 करोड़ की लागत पर सेंड इंडस्ट्रीज तथा जिले में दो फ्लाई ब्रिक्स के उद्योग भी शामिल हैं।

इस मौके पर उपायुक्त ने कहा कि जिला प्रशासन उद्योग लगानेवालों को सभी प्रकार से सहयोग करेगा। इसके अलावा उद्योग लगाने एवं उसे चलाने में भी प्रशासन सहयोग करेगा। उन्होंने कहा कि इसके लिए सरकार उन्हें जमीन, सड़क, बिजली, पानी जैसी सुविधाएं मुहैया कराया जाएगा। इस मौके पर कुछ उद्यमियों एवं उद्योग लगाने के इच्छुक युवकों ने शिकायत की कि बैंक ऋण देने में काफी आनाकानी करती हैं। कार्यशाला में डीएफओ रजनीश कुमार, ईडीबी के जिला प्रबंधक सौरभ सक्सेना, उद्योग विस्तार पदाधिकारी सुरेश तिर्की, बैंकों के अधिकारी के अलावा जिला के इच्छुक उद्यमी पंकज भगत, महेश अग्रवाल, हरिनंदन भगत, मोजबुल हक, शिवेश बास्की, प्रदीप ¨सह, राजीव पांडेय, अभिषेक पांडेय, सोमनाथ पाठक, विमल पांडेय, जयंत चक्रवर्ती, करण साधवानी व अन्य उपस्थित थे।

Posted By: Jagran

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस