लोहरदगा : गुड फ्राईडे के मौके पर मसीही समुदाय के लोगों ने प्रभु यीशु के बलिदान को याद किया। मौके पर विभिन्न चर्चो में धार्मिक अनुष्ठान व झांकी का आयोजन किया गया। संत बर्नादेत चर्च, एनडब्ल्यू जीईएल चर्च, उर्सुलाइन आदि चर्चों में अनुष्ठान और क्रूस रास्ता अनुष्ठान का आयोजन किया गया। विश्वासियों ने चर्चों में आयोजित दुख भोग कार्यक्रम में शामिल होकर प्रभु के बलिदान को याद किया। विश्वासियों ने क्रूस रास्ते का भ्रमण किया तो वहीं अनुयायियों ने क्रूस पर प्रभु यीशु द्वारा दिए गए सात वचनों का चितन-मनन किया। मौके पर प्रभु यीशु की याद में प्रार्थना सभा भी हुई। अनुयायियों ने क्रूस पर लटकने के बाद प्रभु यीशु द्वारा दिए गए सात वचनों का बारी-बारी से पाठ किया। क्रूस रास्ता से पूर्व प्रार्थना की गई। इसके बाद उन 14 स्थानों का स्मरण किया गया, जिस रास्ते से प्रभु गुजरे थे। मौके पर संत बेर्नादेत चर्च के पल्ली पुरोहित फोदर प्रफुल्ल टोप्पो ने कहा कि मानव कल्याण के लिए प्रभु यीशु ने बलिदान दिया, हमें भी प्रभु के बताए मार्ग पर चलते हुए प्रेम, क्षमा व त्याग की भावना को आत्मसात करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि हमारे पापों के बदले यीशु मसीह ने क्रूस पर बलिदान दिया। जिससे मानव जाति को आशीष और उद्धार मिले। मौके पर फादर विरेंद्र खलखो ने अनुष्ठान संपन्न कराया वहीं उनके सहायक की भूमिका में फादर लुकस रूंडा, फादर सुनील टोप्पो मौजूद थे। कार्यक्रम में राजू बर्नाड कुजूर, फ्रेडी कुजूर, राजन खलखो, फिलिप एक्का, नरेंद्र मिज, प्रदीप खेस, अशोक तिर्की, अगुस्टिन टोपनो, जार्ज तिर्की, किशोर केरकेट्टा, अनूप तिर्की, राजन कुजूर, सिप्रेशन तिग्गा, कुलदीप किडो, अजय कुजूर, हिलारियुस एक्का, जेरोम तिग्गा, अनसेलम भेंगरा, जेवियर लकड़ा, विनित मिज, रोहित खलखो, रितेश लकड़ा, शैलस टूटी के अलावा महिला संघ व युवा संघ के सदस्य मौजूद थे।

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Posted By: Jagran