जागरण संवाददाता, खूंटी : बंगाल की खाड़ी में उठे चक्रवाती तूफान के कारण पिछले चार दिनों से लगातार हो रही बारिश के कारण खूंटी मुख्यालय सहित जिला के सभी प्रखंड क्षेत्रों में आम जीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। कभी जोरदार तो कभी हल्की बारिश से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अनवरत हो रही बारिश से लोग घरों में दुबकने को मजबूर हो रहे हैं, जरूरी काम होने पर ही लोग घरों से बाहर निकल रहे हैं। लगातार हो रही बारिश के कारण अड़की-बीरबांकी सड़क पर निर्माणाधीन पुल के सामने बनाया गया डायवर्सन बह गया। अड़की प्रखंड के गम्हरिया के सामने नारदा नदी पर बना डायवर्सन इसके पहले भी तीन बार बह चुका है। डायवर्सन के बह जाने से इस मार्ग पर आवागमन पूरी तरह से ठप पड़ गया है। डायवर्सन बह जाने के बाद पुल बना रही कंपनी ने उसे दुरूस्त कर आवागमन सुचारू करने का प्रयास कर रही है। बारिश का सबसे अधिक असर रोज कमाने-खाने वालों पर पड़ा है। मजदूरों को भी काम नहीं मिला। बारिश का असर व्यवसाय पर भी देखने को मिला। वाहनों की संख्या भी सड़कों पर कम रही। बारिश के कारण कई इलाकों में जल जमाव की स्थिति उत्पन्न हो गयी है। गांव की सड़कों का हाल तो और भी बुरा है। तजना, कारो, छाता जैसी नदियां और पेरवाघाघ, पंचघाघ, रानी फॉल सहित अन्य जल प्रपात भी उफान पर हैं।

19 तक छाए रहेंगे बादल

बंगाल की खाड़ी में उठे चक्रवाती तूफान के कारण होनेवाली बारिश का असर बुधवार की रात तक रहेगा। इसके बाद गुरुवार से इसका प्रभाव पड़ता जाएगा। मौसम वैज्ञानिक राजन चौधरी के अनुसार गुरुवार से मौसम के साफ रहने की उम्मीद है, लेकिन 19 सितंबर तक आसमान में बादल छाए रहेंगे। अधिकतम तापमान 28 से 30 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 21 से 23 डिग्री रहने की संभावना है। उन्होंने बताया कि हवा की गति सात से दस किलोमीटर प्रति घंटा हो सकती है। चार दिनों से हो रही बारिश खेतीबारी के लिए काफी लाभप्रद होगा। हालांकि उड़द, खेतों में पक रहे गोड़ा धान को पानी से नुकसान पहुंच सकता है, अन्यथा बारिश खेती के लिए काफी अच्छा है।

तीन दिनों से जलापूर्ति ठप

बारिश का व्यापक असर विद्युत और जलापूर्ति पर भी पड़ा है। विद्युत आपूर्ति की व्यवस्था जहां पूरी तरह से चरमरा गई है, वहीं शहर का जलापूर्ति भी तीन दिनों से ठप पड़ी है। लगातार हो रही बारिश से जिला मुख्यालय की विद्युत आपूर्ति व्यवस्था की पोल खोल दी है। बिजली की आंच मिचौली से उपभोक्ता परेशान है। वहीं बिजली से संबंधित कार्य बुरी तरह से प्रभावित हुए हैं।

Edited By: Jagran