खूंटी : स्थानीय कचहरी मैदान में बुधवार को जिले के 11वें स्थापना दिवस पर कई कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। बतौर मुख्य अतिथि ग्रामीण विकास मंत्री नीलकंठ ¨सह मुंडा ने कार्यक्रम का उद्घाटन किया। वहीं उपायुक्त सूरज कुमार ने उनको पुष्प गुच्छ देकर स्वागत किया। इससे पूर्व उन्होंने बिरसा पार्क में भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। मंच पर अंतरराष्ट्रीय हॉकी खिलाड़ी खूंटी की बेटी निक्की प्रधान को ग्रामीण विकास मंत्री ने एक लाख रुपये और हॉकी किट देकर सम्मानित किया। कार्यक्रम मैदान में 26 विभागों द्वारा स्टॉल लगाया गया था। लगभग 5 करोड 94 हजार योजनाओं का शिलान्यास किया एवं 19 करोड 93 हजार की योजनाओं का उद्घाटन किया। साथ ही एक करोड़ 10 लाख रुपये राशि की परिसंपत्तियों का वितरण लाभुकों के बीच किया गया। कार्यक्रम में स्थानीय कलाकारों और कस्तूरबा बालिका आवासीय विद्यालय की छात्राओं ने असमिया नृत्य प्रस्तुत किया। स्थानीय शिक्षक-शिक्षिकाओं ने नागपुरी नृत्य की प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में उप विकास आयुक्त अंजली यादव, एसडीएम प्रणव कुमार पाल, समाज कल्याण विभाग के पदाधिकारी सुरजीत ¨सह, कल्याण विभाग के पदाधिकारी सुषमा नीलम सोरेंग, श्रम नियोजन पदाधिकारी आशा मक्सिमा लकड़ा, सभी प्रखंड के बीडीओ, सीओ, नगर पंचायत अध्यक्ष अर्जुन पाहन, नपं उपाध्यक्ष राखी कश्यप, जिप उपाध्यक्ष श्यामसुंदर कच्छप, बीस सूत्री उपाध्यक्ष ओपी कश्यप, जिलाध्यक्ष काशीनाथ महतो सहित कई लोग उपस्थित थे।

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क्या कहा ग्रामीण विकास मंत्री ने ग्रामीण विकास मंत्री नीलकंठ ¨सह मुंडा ने कहा कि ज्ञान की भूमि खूंटी की जनआकांक्षाओं को पूरा करने में कोई कोर कसर नहीं छोडूंगा। इस घरती ने कई वीरों को जन्म दिया है। साथ ही यहां से कई प्रतिभाएं झारखंड और भारत का नाम रोशन कर रही हैं। उन्होंने कहा कि जब रांची से कटकर खूंटी अलग जिला बना था, तो यह शिशु अवस्था में था, आज किशोर अवस्था में पहुंच गया है। मंत्री ने कहा कि साढे़ तीन वर्षों में जिले में 15 हजार करोड़ रुपये की योजनाओं को विभिन्न क्षेत्रों में देने का काम किया है। पुल-पुलिया हो या ग्रामीण सड़क की बात, सभी जगहों पर विकास की गंगा बही है। प्रधानमंत्री आवास योजना में 16 हजार लाभुकों को आवास उपलब्ध कराया गया है, जो भी अधूरा है उसे पूरा करने की तैयारी चल रही है। आयुष्मान भारत योजना से जिले के 58 हजार परिवारों को जोड़ने का काम किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में विकास के लिए कटिबद्ध है। जबतक ग्रामीण क्षेत्रों का विकास नहीं होगा, तबतक देश का विकास संभव नहीं है। वहीं मॉडल विद्यालय की चर्चा करते हुए कहा कि जिला मुख्यालय के कन्या विद्यालय परिसर में मॉडल विद्यालय का काम चल रहा है। सात स्कूलों को मर्ज कर एक मॉडल विद्यालय बनाया जाएगा। ऐसा विद्यालय पूरे झारखंड में नहीं होगा। ट्रायल के रूप में वर्तमान समय में इसे चालू कर दिया गया है, लेकिन 15 नवंबर को यहां पर विधिवत मॉडल विद्यालय का शुभारंभ हो जाएगा। यहां मॉडल विद्यालय पूरी तरह से हाइटेक होगा। स्मार्ट बोर्ड, स्मार्ट क्लास, स्मार्ट शिक्षक और बसों की भी सुविधा होगी। मुंडा ने कहा कि जिले का विकास के लिए 2022 तक प्रत्येक वित्तीय वर्ष में 50 करोड़ रुपये की सहायता दी जाएगी। इसकी मोनेट¨रग जिले के उपायुक्त करेंगे। उन्होंने उपस्थित ग्रामीणों से सरकार की विकास योजनाओं में सहयोग करने की बात कही। पत्थलगड़ी, अफीम और डायन प्रथा पर चर्चा करते हुए कहा कि कुछ असमाजिक तत्वों द्वारा पिछले दिनों संविधान की अलग परिभाषा कर गांव के सीमाने पर पत्थलगड़ी करवाया जा रहा था। मंत्री ने कहा कि हमें संकल्प लेना होगा कि इस जिला को विकसित करने में हमेशा प्रयास करेंगे।

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क्या कहा उपायुक्त ने

उपायुक्त सूरज कुमार ने कहा कि विकास का जो सपना इस जिले के लोगों ने देखा है वह धीरे-धीरे पूरा हो रहा है। गांव हो या शहर सभी जगहों पर विकास कार्य चल रहा है। सड़क-पुल-पुलिया गांव-गांव में बन गए हैं। पूरे जिले में सड़कों का जाल बिछ गया है। गांव-गांव से जिला मुख्यालय तक जोड़ने के लिए सड़कें बनी हैं। शौच मुक्त करने के लिए लगातार प्रयास जारी है और अगले तीन-चार दिनों में जिला पूरी तरह से शौच मुक्त हो जाएगा। निर्बाध बिजली के लिए जापुद में ट्रांसमिशन का काम युद्धस्तर पर चल रहा है। जल्द ही यहां की विद्युत की समस्या का समाधान हो जाएगा। यातायात के लिए यहां पर बस पड़ाव का निर्माण किया जाएगा। उपायुक्त ने कहा कि चलो प्रकाश की ओर योजना के अंतर्गत सभी सरकारी विद्यालय, आंगनबाड़ी केंद्र में बिजली का कनेक्शन करा दिया गया है। खूंटी निरंतर विकास की ओर आगे बढ़ रहा है इसके लिए मास्टर प्लान बनाने की तैयारी चल रही है। उन्होंने कहा कि जिला समाहरणालय को आइएसओ प्रमाणित हुआ है। उन्होंने कहा कि जिले में एक हॉकी स्टेडियम और एस्ट्रोटर्फ स्टेडियम का सुंदरीकरण किया जाएगा। साथ ही पांच आवासीय विद्यालय खोलने की योजना है। उन्होंने कहा कि 2021 तक खूंटी जिले का विकसित जिले की श्रेणी में लाना है, इसके लिए सभी को मिलजुल कर कार्य करना होगा।

Posted By: Jagran