जामताड़ा : श्रम नियोजन प्रशिक्षण व कौशल विकास विभाग के सौजन्य से शनिवार को समाहरणालय मार्ग स्थित आइटीआइ कालेज परिसर में एक दिवसीय भर्ती कैंप संपन्न हुआ। शिविर में जिलेभर से और पड़ोसी जिले के 230 जरूरतमंद युवक-युवतियों ने रोजगार के लिए आवेदन दिया। इनमें से 73 युवक-युवतियों का चयन हुआ। कैंप में मुख्य रूप से गुड वर्कर व लक्ष्मी मेटल कंपनी के प्रतिनिधि शामिल हुए। इन दोनों कंपनियों ने विभिन्न पदों के लिए 4000 रिक्ति को लेकर कैंप में साक्षात्कार प्रक्रिया करवाई।

शनिवार 10:00 से पूर्व ही आइटीआइ परिसर में रोजगार की तलाश में भटक रहे युवक-युवतियों की भीड़ जुटने लगी। सुबह 11:00 बजे गुड वर्कर कंपनी के प्रतिनिधि शिविर में पहुंचे। जहां गैर तकनीकी शिक्षा में दक्ष युवक-युवतियों का पंजीकरण कराते हुए आवेदन प्राप्त किया गया। बाद में साक्षात्कार की प्रक्रिया संपन्न हुई। साक्षात्कार में 58 युवक-युवतियों का चयन किया गया। इसी प्रकार दोपहर बाद लक्ष्मी मेटल कंपनी के प्रतिनिधि भर्ती कैंप पहुंचे। इन कंपनी के प्रतिनिधियों ने भी तकनीकी शिक्षा में दक्ष युवक-युवतियों से आवेदन प्राप्त कर पंजीकरण कराया उसके बाद पंजीकृत सभी युवक-युवती साक्षात्कार में शामिल हुए। साक्षात्कार में 15 युवक-युवती सफल रहे।

कंपनी प्रतिनिधि ने कहा कि चयनित युवक-युवती को नियुक्ति पत्र एक पखवाड़े के अंदर जिला नियोजन कार्यालय में उपलब्ध कराया जाएगा। इसके बाद जिला नियोजन पदाधिकारी चयनित युवक-युवती को रिक्ति के विरुद्ध रोजगार के लिए गंतव्य को भेजेंगे। मौके पर आइटीआइ के प्राचार्य, गुड वर्कर व लक्ष्मी मैटल कंपनी के प्रतिनिधि शामिल थे।

-- स्थानीय राज्य में रोजगार की तलाश में भटकते रहे युवा : शनिवार को आइटीआइ कालेज परिसर में संपन्न भर्ती कैंप में अधिकांश रिक्तियां विभिन्न प्रदेश से संबंधित थीं। इतना ही नहीं तकनीकी शिक्षा में दक्ष व गैर तकनीकी शिक्षा में दक्ष युवक-युवतियों के लिए मानदेय राशि भी कम निर्धारित थी। जबकि, भर्ती कैंप में पहुंचे युवक-युवती मानदेय राशि अधिक व झारखंड प्रदेश में रोजगार की चाहत रख रहे थे। स्थानीय प्रदेश में रिक्तियां नहीं होने के कारण दर्जनों युवक-युवतियां बगैर पंजीकृत व साक्षात्कार को खाली हाथ वापस लौटे गए।

जामताड़ा थाना क्षेत्र के आलोक मंडल ने बताया कि रोजगार पाने की लालसा में भर्ती कैं प में वे पहुंचे थे, लेकिन झारखंड प्रदेश में रिक्ति नहीं रहने व अन्य प्रदेश के रोजगार में मानदेय राशि कम निर्धारित रहने के कारण रोजगार में शामिल होने से परहेज कर लिया। मिहिजाम से पहुंची जोशना बाउरी ने बताया कि जो भी रिक्तियां हैं, वह दूर-दूर प्रदेश से संबंधित हैं। मानदेय राशि 10,000 निर्धारित है, इतनी कम राशि में बाहर रहकर रोजगार करना संभव प्रतीत नहीं हो रहा।

-- ठगी का शिकार बनने से बचें : जिला नियोजन पदाधिकारी प्रीति कुमारी ने भर्ती कैंप में शामिल युवक-युवतियों से कहा कि रोजगार उपलब्ध कराने के नाम पर कई क्षेत्र में ठगी गिरोह सक्रिय है। इनसे बचने की जरूरत है। रोजगार उपलब्ध कराने के नाम पर कोई राशि की मांग करता है तो इसकी सूचना तत्काल जिला नियोजन पदाधिकारी को दें। नियोजन पदाधिकारी हर समय रोजगार उपलब्ध कराने के लिए प्रयासरत हैं।

Edited By: Jagran