जमशेदपुर (जागरण संवाददाता)। हावड़ा-मुंबई मुख्य लाईन के टाटानगर से झारसुगुड़ा स्टेशन तक बुधवार को  सुबह 8.30 बजे से 24 कोच युक्त खाली एलएचवी कोच रैक को 130 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से झारसुगुड़ा तक दौड़ाया गया।

इस रैक में पेट्रीकार को भी लगाया गया था। यह ट्रेन वापस झारसुगुड़ा से शाम साढ़े चार बजे टाटानगर स्टेशन पहुंची। बुधवार को हुए स्पीड परिक्षण के उपरांत अब जल्द ही इन पटरियों पर 130 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से ट्रेन दौड़ेगी। ट्रैक की जांच करने के लिए दिल्ली से रिचर्स डिजाइन एंड स्टडर्ड आरगानाइजेंशन (आरडीएसओ) की टीम टाटानगर स्टेशन पहुंची है।

टाटानगर से झारसुगुड़ा की दूरी 264 किलोमीटर है। सेल्फ प्रोपेल्ड पर्यवेक्षक यान से दिल्ली से आए आरडीएसो की टीम टाटानगर पहुंची थी। इस ट्रेन का परिचालन रविवार को  भी किया गया था। रविवार को सफल परीक्षण के बाद बुधवार को दोबारा ट्रेन को दौड़ाया गया। 

टाटानगर में चला टिकट चेकिंग अभियान

टाटानगर स्टेशन में बुधवार को असिस्टेंट कार्मिशियल मैनेजर (एसीएम) अश्विनी कुमार मिश्रा के नेतृत्व में टिकट चेकिंग अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान टाटानगर करीब डेढ़ लाख रुपये का जुर्माना यात्रियों से वसूला गया। बिना टिकट सफर करने वाले। बिना प्लेटफार्म टिकट प्लेटफार्म में घुमने वाले व अनबुक्ड लगेज ले जा रहे यात्रियों से जुर्माना वसूला गया। 

चार घंटे विलंब से हुआ टाटा-जम्मूतवी का परिचालन टाटानगर से

ट्रेन संख्या 18101 टाटा-जम्मूतवी एक्सप्रेस का परिचालन अपने निर्धारित समय 2.50 बजे की जगह चार घंटे विलंब से 6.50 बजे बुधवार की शाम को हुआ। ट्रेन के विलंब से परिचालन होने से यात्रियों को पेरशानी का सामान करना पड़ा। इस ट्रेन के यात्री टाटानगर स्टेशन डेढ़ृ से दो बजे के बीच पहुंच चुके थे। स्टेशन आने पर ट्रेन के विलंब से परिचालन होने की बात सुनकर लोगों की परेशानी बढ़ गई। 

Posted By: Vikas Srivastava

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