जागरण संवाददाता, जमशेदपुर : नए साल में टाटा मोटर्स का उत्पादन बढ़ गया है। बीते दिसंबर माह में एक दिन में जो 250 वाहन बनाए जाते थे उनकी संख्या बढ़कर 350 तक हो गई है। इसे प्रतिदिन 400 तक पहुंचाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। ऐसे में कंपनी की उत्पादकता बढ़ गई है। उत्पादन कम होने की स्थिति में जिन अस्थायी कर्मियों को काम से बैठाया गया था उनकी वापसी होने लगी है। दो शिफ्ट की जगह धीरे-धीरे तीनों शिफ्ट में काम शुरू होने लगा है।

बीते दिसंबर महीने में 7,500 तक वाहन बनाए गए थे जबकि नवंबर महीने में 9000 वाहन डिस्पैच किए गए थे। इस चालू माह में 10 हजार वाहन बनना तय है। हालांकि इस जनवरी माह में कंपनी का उत्पादन लक्ष्य अधिकतम 12 हजार रखा गया है। कंपनी प्रबंधन के मुताबिक बीते माह दिसंबर के मुकाबले नया साल काफी बेहतर रहेगा। उत्पादन बढ़ा है, लेकिन 15 दिसंबर के बाद स्थिति स्पष्ट होगी।

नए मॉडल के चक्कर में बीते माह बनी कम गाड़ियां : साल के अंतिम माह दिसंबर में हरेक बार ऑर्डर कम रहता है, जिससे उत्पादन कम होता है। इसका प्रमुख कारण गाड़ियों का मॉडल है। एक माह के इंतजार के बाद गाड़ियों के नए ऑर्डर मिलने शुरू हो जाते हैं। ऐसे में ग्राहक दिसंबर का इंतजार कर नए साल में गाड़ियां खरीदते हैं। जनवरी-19 में नए मॉडल के साथ बाजार में कई गाड़ियां आएंगी ऐसे में चालू माह में वाहनों का उत्पादन बढ़ना तय है।

पूरे एक साल में डिस्पैच हुई 96 हजार गाड़ियां : टाटा मोटर्स में जनवरी से लेकर दिसंबर-18 तक कुल 96 हजार गाड़ियों की बुकिंग हुई है। वहीं जो गाड़िया टीटीसीए (टेल्को ट्रांसपोर्ट कान्वाई एसोसिएशन) के माध्यम से न जाकर सीधे टेलर से भेजी गई है उसको मिला लिया जाए तो करीब 1.15 लाख गाड़ियां की बिक्री एक वर्ष में हुई है।