जमशेदपुर, जासं। शापूरजी पालोनजी समूह की यूरेका फोर्ब्स लिमिटेड को बिकने जा रही है। इसकी शायद किसी ने कल्पना नहीं की होगी, लेकिन मुनाफे में चलने वाली यह कंपनी अब किसी और की हो जाएगी। ताज्जुब की बात तो यह कि इसके लिए एडवेंट इंटरनेशनल नामक कंपनी ने 44 बिलियन रुपये में शापूरजी पल्लोनजी समूह से सौदा किया है। रतन टाटा से पंगा लेने वाले साइरस मिस्त्री शापूर पालोनजी समूह के मुखिया हैं। 

यहां यह बताना लाजिमी है कि यूरेका फोर्ब्स को मूल फोर्ब्स एंड कंपनी से अलग करने की तैयारी भी चल रही है। इसके बाद इसे बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज या बीएसई लिमिटेड में सूचीबद्ध करा दिया जाएगा। इसकी घोषणा कोई हवा-हवाई नहीं हुई है, बल्कि बाकायदा शापूरजी पालोनजी समूह व एडवेंट इंटरनेशनल ने संयुक्त बयान में इस खबर की पुष्टि की है। इसके साथ ही यूएस स्थित निजी इक्विटी फर्म कंपनी के 72.56 प्रतिशत शेयर खरीदरने जा रही है।

कर्ज घटाने के लिए शापूरजी पालोनजी समूह ने किया सौदा

ऐसा कहा जा रहा है कि शापूरजी पालोनजी समूह पर काफी कर्ज हो गया है। इसी संदर्भ में यह सौदा किया गया है। यह बात भी कही जा रही है कि एसपी ग्रुप कर्ज कम करने और रियल एस्टेट के कारोबार को बढ़ाने के लिए इसे बेचने का फैसला किया है।

मुख्य रूप से वाटर प्यूरीफायर बनाने वाली यूरेका फोर्ब्स अच्छा धंधा कर रही है। इसके पीछे उस विवाद को भी एक कारण बताया जा रहा है कि टाटा समूह के साथ हुए विवाद के बाद शापूरजी पालोनजी समूह को काफी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है। इसकी भरपाई के लिए एसपी ग्रुप उपाय खोज रहा था। यह भी कहा जा रहा है कि टाटा संस धन जुटाने के लिए एसपी समूह के टाटा से जुड़े शेयरों का उपयोग करने के प्रयास को रोक रहा है।

 

 शापूरजी पलोनजी।

यूरेका में एडवेंट इंटरनेशनल में दिख रहा बेहतर भविष्य

यूरेका फोर्ब्स निश्चित रूप से वाटर प्यूरीफायर के क्षेत्र में अग्रणी ब्रांड है, लिहाजा एडवेंट इंटरनेशनल को इसमें बेहतर भविष्य दिख रहा है। एडवेंट इंडिया की प्रबंध निदेशक श्वेता जालान का इस संबंध में बयान भी आया है, जिसमें उन्होंने कहा है कि यूरेका फोर्ब्स अगले कई वर्षों में मजबूत विकास के लिए तैयार बाजार में नंबर वन खिलाड़ी है।

वेबसाइट के मुताबिक यूरेका फोर्ब्स शापूरजी पालोनजी समूह के तहत 17 कंपनियों में से एक है। 1865 में स्थापित एसपी समूह भारत के वित्तीय केंद्र मुंबई में कुछ सबसे प्रतिष्ठित संरचनाओं का मालिक भी है। इसमें भारतीय रिजर्व बैंक की बिल्डिंग और ताजमहल पैलेस होटल की विरासत टावर भी है। शापूरजी पालोनजी समूह अब किफायती आवासीय परियोजना के साथ नई पहचान बनाने को आतुर है।

Edited By: Jitendra Singh