जागरण संवाददाता, जमशेदपुर : लौहनगरवासियों के लिए एक अच्छी और एक बुरी खबर है। टाटा मेन हास्पिटल के मेडिकल एडवाइजर डा. राजन चौधरी ने बताया कि शहर में थर्ड वेव का असर लगातार कम होता जा रहा है। दो सप्ताह पहले कोविड 19 से संक्रमित 221 मरीज भर्ती हुए थे जबकि पिछले सप्ताह यह घटकर 100 के लगभग हो गया है। केवल जमशेदपुर में ही नहीं बल्कि पूरे झारखंड में भी कोविड 19 के मरीजों की संख्या घटती जा रही है। वहीं, परेशान करने वाली दूसरी खबर यह है कि शहर में ओमिक्रोन के 20 मरीज मिले हैं।

टीएमएच की ओर से जिनोम सिक्वेंसिंग के लिए तीन जनवरी को 180 मरीजों के जो नमूने भेजे गए थे, उनमें से 20 मरीजों में ओमिक्रोन के लक्षण पाएं गए हैं जबकि शेष में डेल्टा सब लेनिएज के लक्षण मिले हैं। अब टीएमएच ओमिक्रोन वाले सभी मरीजों की ट्रैवल्स हिस्ट्री का पता लगा रही है। उन्होंने बताया कि टीएमएच की ओर से भेजा गया दूसरे नमूने की भी रिपोर्ट आनी अभी बाकी है। लेकिन अब तक जो आंकड़े मिल रहे हैं उससे यहीं लगता है कि संक्रमण की स्तर धीरे-धीरे कम होता जा रहा है। आंकड़े एक-दो सप्ताह इसी तरह से रहे तो संक्रमण का स्तर इसी तरह से कम होता जाएगा। हम यह कह सकते हैं कि शहर में संक्रमण का स्तर अपने उच्चतम स्तर को पार कर अब ढ़लान की ओर है।

कोविड नियमों का करते रहना है अनुपालन

डा. चौधरी ने शहरवासियों को एक बार फिर चेतावनी दी है कि संक्रमण का स्तर कम होने का मतलब यह नहीं है कि खतरा पूरी तरह से खत्म हो गया है। थर्ड वेव के वेरिएंट में कुछ ऐसे बदलाव हुए हैं जिसके कारण यह मानव शरीर को तेजी से संक्रमित करता है और इसका फैलाव भी तेजी से होता है। पहले व दूसरे वेब में भी आंकड़े कम होने के बाद लोगों ने एहतियात बरतना भूल गए थे जिसका नतीजा था कि संक्रमण फिर तेजी से बढ़ा और छोटे उम्र के युवाओं को सबसे ज्यादा प्रभावित किया। इसलिए सभी शहरवासियों से अपील की है कि नियमित रूप से मास्क पहने, शारीरिक दूरी का पालन करें, भीड़ वाले स्थानों पर न जाएं।

कोविड टेस्ट सेंटर का होता रहेगा संचालन

डा. चौधरी ने बताया कि टीएमएच की ओर से एनटीटीएफ बिल्डिंग में कोविड टेस्ट की सुविधा है। शहरवासी टीएमएच विश्वास एप में बुकिंग कराकर इस सुविधा का लाभ ले सकते हैं। इसके अलावा ऑनलाइन ही डाक्टर से भी परामर्श प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि टीएमएच की ओर से ए-सिम्टोमैटिक मरीजों की टेस्टिंग बंद कर दी गई है। हालांकि जो सिम्टोमैटिंक हैं वर्तमान में केवल उनकी ही जांच की जा रही है।

केएसएमएस में भी सुविधा बंद

टाटा स्टील के स्वास्थ्य सलाहकार डा. चौधरी ने बताया कि टीएमएच की ओर से थर्ड वेब को लेकर केएसएमएस व ग्रेजुएट कॉलेज की पुरानी बिल्डिंग में बेड की व्यवस्था की गई थी। संक्रमण का स्तर बढ़ने पर यहां माइल्ड मरीजों को रखा गया था। पिछले दिनों केएसएमएस में केवल दो मरीज थे जिन्हें टीएमएच में शिफ्ट करने के बाद बंद कर दिया गया है। संक्रमण बढ़ने पर इसे फिर से खोला जा सकता है।

Edited By: Rakesh Ranjan