उफनती शिलावती नदी, कटा संपर्क... चंद्रकोना पुलिस ने देवदूत बनकर स्पीडबोट से बचाई गर्भवती महिला की जान
पश्चिम मेदिनीपुर के चंद्रकोना में शिलावती नदी का जलस्तर बढ़ने से बाढ़ आ गई है, जिससे कई गांवों का संपर्क ...और पढ़ें

चंद्रकोना इलाके में कई गांवों में पानी घुस जाने से सामान्य जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है और सड़कें डूबने से संचार व्यवस्था पूरी तरह ठप पड़ गई है।
HighLights
तटबंध टूटने से दर्जनों गांवों का मुख्य मार्ग से संपर्क कटा।
पुलिस ने स्पीडबोट से गर्भवती महिला को सुरक्षित निकालकर राहत दी।
संवाद सूत्र, खड़गपुर। पश्चिम मेदिनीपुर जिले के चंद्रकोना इलाके में नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुंचने के कारण बाढ़ की स्थिति हो गई है।
कई गांवों में पानी घुस जाने से सामान्य जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है और सड़कें डूबने से संचार व्यवस्था पूरी तरह ठप पड़ गई है। क्षेत्र में आवागमन का एकमात्र सहारा अब छोटी नावें ही बची हैं।
तटबंध टूटने से दर्जनों गांवों का संपर्क कटा
सोमवार सुबह चंद्रकोना-2 ब्लॉक अंतर्गत बसनछोरा पंचायत के गोपालपुर गांव में शिलावती नदी का तटबंध टूट गया।
तटबंध के साथ बनी सड़क बह जाने के कारण कलाकारी, गोपालपुर, जामदान, अक्ताकला, गंगचा, पलाशचबोरी, मानिक्कुंडु और काशकुली समेत कई गांवों का संपर्क मुख्य मार्ग से कट गया है।
पुलिस और स्वास्थ्य विभाग का संयुक्त रेस्क्यू ऑपरेशन
बाढ़ के विकट हालात के बीच पुलिस और स्थानीय प्रशासन ने एक गर्भवती महिला को सुरक्षित निकालकर मिसाल कायम की है। चंद्रकोना-1 के स्वास्थ्य कर्मी प्रबीर हाजरा एवं उनकी टीम ने दोपहर में जलमग्न गांव पहुंचने का प्रयास किया।
लेकिन नाकाम रहने पर चंद्रकोना पुलिस स्टेशन को सूचित किया गया। इसके बाद कार्यवाहक अधिकारी प्रत्यय दास के नेतृत्व में तुरंत स्पीडबोट का इंतजाम किया गया और टीम गांव पहुंची।
स्पीडबोट के जरिए गर्भवती महिला को सुरक्षित निकालकर क्षीरपाई स्थित उसके मायके पहुंचाया गया। महिला के पिता काशीराम पाल ने राहत की सांस लेते हुए बताया कि बच्चे के जन्म में कुछ ही दिन बचे हैं।
गांव में पानी भर जाने से वे काफी चिंतित थे, लेकिन प्रशासन के त्वरित एक्शन से बड़ी राहत मिली है। प्रशासन लगातार बाढ़ प्रभावित इलाकों पर नजर बनाए हुए है।
