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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 06, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Champai Soren: चंपई सोरेन की अचानक बिगड़ी तबीयत, सामने आई पहली झलक; अस्पताल से ही कर दी बड़ी अपील

By Ch Rao Edited By: Mukul Kumar
Published: Sun, 06 Oct 2024 03:56 PM (GMT+05:30)Updated: Sun, 06 Oct 2024 03:59 PM (GMT+05:30)

Jharkhand News पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन की तबीयत बिगड़ने पर उन्हें टीएमएच अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उन्होंने अस्पताल ...और पढ़ें

चंपई सोरेन की अचानक बिगड़ी तबीयत, सामने आई पहली झलक
चंपई सोरेन की अचानक बिगड़ी तबीयत, सामने आई पहली झलक

HighLights

  1. कहा, भाजपा की सरकार बनी तो घुसपैठियों से संताल परगना की जमीन को कराएंगे मुक्त

जागरण संवाददाता, जमशेदपुर। पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन की तबीयत बिगड़ गई है। तबीयत बिगड़ने पर उन्हें टीएमएच अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वे बरहेट में परिवर्तन यात्रा सभा को संबोधित करने वाले थे। थोड़ी सी तबीयत ठीक होने के बाद चंपई ने टाटा मुख्य अस्पताल (टीएमएच) से ही बरहेट की जनता को संबोधित किया।

अपने ऑनलाइन संबोधन में चंपई सोरेन ने कहा कि आज आदिवासी समाज अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रहा है। संताल परगना में बांग्लादेशी घुसपैठ हो रहा है। इस कारण सामाजिक व्यवस्था खराब हो रही है।

उन्होंने आगे कहा कि इस व्यवस्था काे सभी को मिलकर बचाए रखने की जरूरत है। ये घुसपैठिए संताल परगना के इतिहास को मिटाने की साजिश कर रहे हैं। इसका विरोध हमें करना होगा।

सभी समाज के सदस्यों को एकजुट होना जरूरी- चंपई

चंपई ने कहा कि संताल परगना का आजादी की लड़ाई में महत्वपूर्ण योगदान है। आदिवासी समाज के कई योद्धा इसका उदाहरण है। हम इन योद्धाओं से प्रेरणा लेकर आगे की लड़ाई लड़े।

उन्होंने कहा कि भाजपा की सरकार बनी तो संताल परगना में घुसपैठियों से जमीन को कब्जा मुक्त कराया जाएगा। पूरे राज्य में भाजपा यह कार्य प्राथमिकता के आधार पर रहेगी। आदिवासी समाज की परंपरा व स्वशासन व्यवस्था को बचाए रखने के लिए सभी समाज के सदस्यों को एकजुट होना जरूरी है।

समाज के पूजा स्थलों पर बांगलादेशी घुसपैठियों की नजर है। कई स्थानों पर कब्जा होना भी शुरू हो गया है। सभी पूजा स्थलों को बांगलदेशी घुसपैठियों के चुंगल से मुक्त कराया जायेगा।