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कर्नाटक की 83 लाख की एटीएम लूट का जमशेदपुर कनेक्शन: बीदर पुलिस ने सोनारी के परदेसी पाड़ा में की छापेमारी

Published: Tue, 18 Aug 2026 09:55 PM (IST)

कर्नाटक के बीदर में 83 लाख की एटीएम लूट और हत्या के मामले में गिरफ्तार अपराधियों का जमशेदपुर कनेक्शन सामने ...और पढ़ें

HighLights

  1. बीदर एटीएम लूट के अपराधियों का जमशेदपुर कनेक्शन उजागर।

  2. सोनारी के परदेसी पाड़ा में पुलिस ने की छापेमारी।

  3. दो सुरक्षा गार्डों की हत्या, 83 लाख की लूट का मामला।

जासं, जमशेदपुर। कर्नाटक के बीदर शहर में 16 जनवरी 2025 को हुए चर्चित 83 लाख रुपये के एटीएम कैश वैन लूट कांड और दो सुरक्षा गार्डों की हत्या के मामले में गिरफ्तार अंतरराज्यीय अपराधियों का जमशेदपुर कनेक्शन सामने आया है। 
 
बिहार के वैशाली जिले से 12 अगस्त 2026 को गिरफ्तार किए गए दो इनामी अपराधियों- आलोक कुमार उर्फ अंबानी और अमन कुमार सिंह के जमशेदपुर स्थित गुप्त ठिकानों का भंडाफोड़ हुआ है। 
 
इस गिरोह पर 25 लाख रुपये का इनाम घोषित था। पूछताछ में मिली जानकारी के आधार पर मंगलवार को कर्नाटक के बीदर जिले की पुलिस दोनों आरोपियों को कड़ी सुरक्षा के बीच सोनारी थाना क्षेत्र के परदेसी पाड़ा लेकर पहुंची, जहां उनके किराये के मकानों की सघन तलाशी ली गई।
 

सोनारी के परदेसी पाड़ा में ली गई तलाशी, परिजन पहले ही हुए फरार

बीदर पुलिस टीम ने परदेसी पाड़ा स्थित मकान मालिक राम भरोसे और सुरेश सिंह की मौजूदगी में दोनों कमरों की तलाशी ली।
 
आलोक कुमार उर्फ अंबानी राम भरोसे के मकान में, जबकि अमन कुमार सिंह सुरेश सिंह के घर किराये पर रह रहा था। हालांकि, पुलिस के पहुंचने से पहले ही दोनों अपराधियों के स्वजन वहां से फरार हो चुके थे।
 
दोनों अपराधियों ने अप्रैल 2026 में मकान लेते समय खुद को मानगो स्थित एक फर्नीचर दुकान का कर्मचारी बताया था और अपनी पत्नी-बच्चों के साथ यहां छुपकर रह रहे थे। 
 
तलाशी के दौरान अमन कुमार सिंह के कमरे से एक पल्सर बाइक बरामद की गई। तलाशी की प्रक्रिया पूरी करने के बाद कर्नाटक पुलिस दोनों आरोपियों को लेकर वापस लौट गई।
 

तीर्थयात्री का भेष बदलकर बिहार में पुलिस ने डाला था डेरा

बीदर के एसपी प्रदीप गुंटी के नेतृत्व में करीब 20 सदस्यीय कर्नाटक पुलिस टीम पिछले कई दिनों से बिहार में डेरा डाले हुए थी। 
 
शातिर अपराधियों को पकड़ने के लिए पुलिसकर्मियों ने धार्मिक तीर्थयात्रियों का भेष धारण किया था। 12 अगस्त को जब सादे लिबास में पुलिस टीम अमन को पकड़ने पहुंची, तो ग्रामीणों ने उन्हें आम अपराधी समझकर हाथापाई कर दी थी। 
 
बाद में स्थानीय सराय थाना पुलिस के हस्तक्षेप और पहचान स्पष्ट होने के बाद मामला शांत हुआ और पुलिस ने दोनों को दबोच लिया।
 

मिर्च पाउडर फेंककर की थी 83 लाख की लूट और हत्या

16 जनवरी 2025 को सुबह करीब 11:30 बजे बीदर के शिवाजी चौक के पास एटीएम में कैश डालने पहुंची 'सीएमएस कैश लॉजिस्टिक्स' की टीम पर अपराधियों ने हमला किया था। 
 
बदमाशों ने सुरक्षाकर्मियों पर मिर्च पाउडर फेंका और ताबड़तोड़ गोलीबारी कर दी। इस हमले में सुरक्षा गार्ड गिरी वेंकटेश की मौके पर ही मौत हो गई थी। 
 
जबकि दूसरे गार्ड शिव काशीनाथ ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया था। इसके बाद अपराधी कैश से भरा ट्रंक लेकर बाइक से फरार हो गए थे।
 

4 राज्यों में दर्ज हैं 16 मामले

पुलिस के अनुसार, यह गिरोह कर्नाटक, तेलंगाना, उत्तर प्रदेश और बिहार में हत्या, डकैती तथा आर्म्स एक्ट जैसे करीब 16 संगीन मामलों में संलिप्त है। 

बीदर की वारदात के अगले ही दिन इस गिरोह ने हैदराबाद के अफजलगंज में एक ट्रैवल एजेंसी के मैनेजर पर भी जानलेवा हमला किया था। 
 
यह गिरोह पुलिस सर्विलांस से बचने के लिए सामान्य फोन कॉल के बजाय इंटरनेट आधारित VoIP (Voice over IP) एप्लीकेशन का इस्तेमाल करता था। 
 
वैशाली में गिरफ्तारी के बाद दोनों को ट्रांजिट रिमांड पर बीदर ले जाया गया था, जहां से अदालत के आदेश पर रिमांड लेकर पुलिस सोनारी पहुंची थी।