जमशेदपुर, जेएनएन। वह तीन बच्‍चों का पिता है। उसने खुद के शादी-शुदा और तीन बच्‍चों का पिता होने की बात छिपाकर एक युवकी को जाल में फंसाया। सच सामने आया तो युवती ने दूरी बना ली। लेकिन वह शादी की जिद पर अड़ा रहा। जब युवती इसके लिए तैयार नहीं हुई तो ऐसा खौफनाक कदम उठाया कि युवती मौत से संघर्ष करने को मजबूर है। 

जमशेदपुर के बिष्‍टुपुर थाना की पुलिस ने टाटा स्‍टील प्‍लांट में महिला ठेका मजदूर पर हमले की गुत्‍थी सुलझा ली है और हमलावर को गिरफ्तार कर लिया है। बिष्टुपुर इलाके के टाटा स्टील प्लांट में शनिवार की सुबह लगभग आठ बजे  आदिवासी महिला ठेका कर्मी लक्ष्मी सोरेन पर रॉड से हमला करने वाले कंपनी के ही ठेका मजदूर बादल हांसदा का लक्ष्मी सोरेन से प्रेम प्रसंग चार साल पहले शुरू हुआ था। इधर एक साल से उसे पता चला कि बादल हांसदा शादीशुदा है और उसके तीन बच्चे हैं तो लक्ष्मी सोरेन उससे कन्नी काटने लगी। लेकिन बीच-बीच में अक्सर वो बादल से बातचीत कर लेती थी।

 पूरी तरह बात बंद होने से बौखला गया बादल

इधर, जनवरी से लक्ष्मी ने बादल से बात करना पूरी तरह से बंद कर दिया था। इससे बादल बौखलाया हुआ था। कई बार उसने लक्ष्मी से संपर्क करने की कोशिश की लेकिन लक्ष्मी उससे बात नहीं कर रही थी। वेलेंटाइन वीक में भी बादल ने कई बार लक्ष्मी के करीब जाने की कोशिश की। लेकिन लक्ष्मी उसे तबज्जो नहीं दे रही थी। इसी बीच बादल को पता चला कि लक्ष्मी किसी अन्य युवक से बात कर रही है इससे वह बौखला उठा था। 

सुनसान स्‍थान पर रॉड से किया वार

घटना वाले दिन लक्ष्मी सोरेन सुबह जब ड्यूटी पर आई तो बादल हांसदा भी गेट पर पहुंच गया था। उसने लक्ष्मी सोरेन को आवाज देकर बात करने को कहा। लेकिन लक्ष्मी ने बात करने से इंकार कर दिया और उसे दुत्कार दिया। इस पर बादल हांसदा उसके पीछे पीछे चलने लगा और डी ब्लास्ट फर्नेस के पास सुनसान जगह पर उसने लोहे का एक रॉड लिया और लक्ष्मी सोरेन के पैर पर तीन राड मारा। लक्ष्मी सोरेन बिलबिला उठी और चीखने लगी। इस पर उसने लक्ष्मी के सर पर राड से दो बार हमला किया। वह बेसुध होकर वहीं गिर पड़ी।

जानलेवा हमला कर हो गया फरार 

बिष्टुपुर थाना प्रभारी राजेश प्रकाश सिन्हा ने बताया कि लक्ष्मी सोरेन पर जानलेवा हमला करने के बाद बादल हांसदा साकची वाले गेट से कंपनी से बाहर निकल गया। इसके बाद वह मतलाडीह में रहा। मतलाडीह से वह चौका अपनी बहन के यहां गया। यहां से वह कांड्रा अपने चचेरे मामा जामोन हांसदा के यहां गया और वहीं छिपा हुआ था कि पुलिस ने दबिश डालकर उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस से पूछताछ में बादल ने घटना की पूरी कहानी बताई।

मुख्‍यमंत्री ने लिया था मामले का संज्ञान

परसुडीह निवासी टाटा स्टील की महिला मजदूर लक्ष्मी सोरेन शनिवार की सुबह प्लांट में डी ब्लास्ट फर्नेस के पास घायल अवस्था में पाई गई थी। उसके सिर पर लोहे की रॉड से हमला किया गया था। इससे उसके सिर पर काफी चोट आई थी। कंपनी के सुरक्षा अधिकारियों ने घायल महिला को टाटा मेन अस्पताल में भर्ती कराया था। यहां अभी उसका इलाज चल रहा है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के ट्वीट के बाद मामले में आरोपित की तलाश का जिम्मा सिटी एसपी सुभाष चंद्र जाट और बिष्टुपुर थाना प्रभारी राजेश प्रकाश सिन्हा को सौंपा गया था। घटना की तफ्तीश कर रही पुलिस को पता चला था कि घटना के पीछे आरआइटी थाना क्षेत्र के काशीडीह निवासी बादल हांसदा का हाथ हो सकता है।

महिला मजदूरों ने बताई बादल से खास जान-पहचान की बात

पूछताछ में महिला के साथ काम करने वाली महिलाओं और मजदूरों ने बताया था कि उसकी बादल से खास जान-पहचान है। इससे बादल पर शक की सूई घूम गई थी। सीसीटीवी फुटेज में बादल घटनास्थल की ओर जाता नजर आ रहा था। यही नहीं, बादल घटना के बाद से फरार था। कंपनी में उसे किसी ने नहीं देखा था। इससे बादल पर घटना को अंजाम देने का आकलन पक्का हो गया था। पुलिस ने बादल को गिरफ्तार करने के लिए रविवार को उसके घर पर छापामारी की लेकिन, वो फरार हो गया था। पुलिस ने उसका फोन सर्विलांस पर लगा दिया था। मुखबिरों से पुलिस को सूचना मिली थी कि बादल कांड्रा में ही एक घर में छिपा हुआ है। इस पर पुलिस ने उसे दबोच लिया। 

 

Posted By: Rakesh Ranjan

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस