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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 30, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

सौतेली मां ने बेटी को पीट-पीटकर मार डाला, गिरफ्तार

By Sachin MishraEdited By:
Published: Tue, 30 May 2017 04:55 PM (IST)

जाहूर की दूसरी बीवी की चार वर्षीय बेटी सलीमा को इतना पीटा कि उसकी मौत हो गई।

सौतेली मां ने बेटी को पीट-पीटकर मार डाला, गिरफ्तार
सौतेली मां ने बेटी को पीट-पीटकर मार डाला, गिरफ्तार

संवाद सहयोगी, महागामा (गोड्डा)। महागामा थाना क्षेत्र के भांजपुर गांव में मंगलवार की सुबह एक सौतेली मां ने पीट-पीट कर चार वर्षीया बेटी की जान ले ली। आसपास के लोगाें की सूचना पर पुलिस वहां पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए गोड्डा सदर अस्पताल भेज दिया। आरोपी महिला नूरजहां को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। उसे जेल भेज दिया गया है।

जानकारी के मुताबिक, नूरजहां जाहूर अंसारी की तीसरी बीवी है। तीन साल पूर्व उसकी शादी जाहूर अंसारी से हुई थी। जाहूर अंसारी की पहली शादी महागामा के ही बनरचुआं में आयशा खातून से हुई थी, जिससे चार बच्चे हैं। सबसे बड़ी बेटी की शादी हो चुकी है। आसमा खातून, नसीमा खातून व अफसर अंसारी गांव में रहते हैं। पहली बीवी की मौत हो जाने के बाद जहूर ने बच्चों की देखभाल के लिए अपनी साली से ही दूसरी शादी कर ली, जिससे दो बच्चे हुए।

शादी के बाद ही उसका रवैया ठीक नहीं था। इस कारण जाहूर ने उसे छोड़ दिया। दोनों बच्चे जाहूर के घर में ही रह रहे थे। इसके बाद उसने तीसरी शादी बांका जिले के धोरैया थाना क्षेत्र के धूप सुन्ना गांव निवासी नूरजहां खातून से की। उससे भी दो बच्चा हुआ। गांव वालों ने बताया कि तीसरी बीवी का व्यवहार सौतेले बच्चों के साथ ठीक नहीं था। शादी के बाद से ही उनके साथ मारपीट करने लगी।

मंगलवार को बच्चे आपस में झगड़ रहे थे। इसी क्रम में नूरजहां पहुंची और जाहूर की दूसरी बीवी की चार वर्षीया बेटी सलीमा को इतना पीटा की उसकी मौत हो गई। गांव वालों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और नूरजहां को गिरफ्तार कर लिया। जाहूर अंसारी स्वयं गाजियाबाद में रहता है तथा राजमिस्त्री का काम करता है। उसको सूचना दे दी गई है और वह वहां से रवाना हो गया है। 

सास को निकाल दिया था घर से :

गांव वालों ने बताया कि नूरजहां का विगत एक सप्ताह पूर्व अपनी सास से काफी विवाद हुआ था। नूरजहां ने उसे घर से निकाल दिया। इसके बाद वह कहीं और जाकर रहने लगी। गांव वालों का कहना था कि सास घर में रहती तो यह घटना नहीं होती। ⁠⁠⁠

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