जागरण संवाददाता, जमुआ: भाकपा माले के कोडरमा लोकसभा कार्यकर्ता सम्मेलन में झाविमो प्रमुख बाबूलाल मरांडी पूरी तरह से निशाने पर रहे। शुरुआत में कार्यकर्ताओं ने बाबूलाल पर हमला करने से गुरेज किया, लेकिन जैसे ही मंच से राजधनवार के विधायक एवं कोडरमा लोकसभा चुनाव में पिछले बार भाजपा को कांटे की टक्कर देने वाले राजकुमार यादव ने संबोधित किया, बाबूलाल मुख्य निशाने पर आ गए। उनके बाद केंद्रीय कमेटी के सदस्य व बगोदर के पूर्व विधायक विनोद ¨सह एवं अंत में पार्टी महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य ने पूरी तरह से बाबूलाल पर हमला बोला। दीपंकर ने पहले मोदी सरकार पर हमला किया और अंत में अपने भाषण का समापन बाबूलाल पर आरोपों की बौछार से किया।

दीपंकर ने बाबूलाल के 2014 में कोडरमा से चुनाव नहीं लड़ने पर सवाल किया। कहा कि सांसद रहते हुए भी 2014 में वे कोडरमा से क्यों चले गए थे और अब 2019 में क्यों आ रहे हैं? कहा कि 2014 में मोदी को लाने के लिए वे कोडरमा से चले गए थे और अब 2019 में मोदी को बचाने के लिए कोडरमा से चुनाव लड़ने को उतावले हैं। बाबूलाल पर तंज कसते हुए कहा कि कहा कि विधानसभा चुनाव में राजधनवार एवं गिरिडीह से हारे अभी उनके बहुत दिन नहीं हुए हैं। उनके आठ विधायक चुनाव जीतकर गए और बचे मात्र दो। चुनाव जीतकर उनके विधायक कहां और क्यों चले जाते हैं, इसका जवाब उन्होंने अभी तक नहीं दिया है।

बड़े नेता हैं तो दो-दो जगहों से विस चुनाव क्यों हारे बाबूलाल: राजकुमार विधायक राजकुमार यादव ने कहा कि अगर बाबूलाल मरांडी इतने ही बड़े नेता हैं तो क्यों राजधनवार एवं गिरिडीह विधानसभा सीट से चुनाव हार गए। क्यों उनके छह विधायक भाजपा में शामिल हो गए। दस साल कोडरमा के सांसद एवं तीन साल मुख्यमंत्री रहने के बावजूद बाबूलाल एक इंजीनियरिग कॉलेज खुलवा सके और न ही मेडिकल कॉलेज। बाबूलाल एवं रवींद्र कुमार राय ने कोडरमा की पहचान माइका उद्योग को समाप्त होने से बचाने के लिए कुछ नहीं किया। जनता बदलाव के लिए वोट देगी। सिर्फ किसी को हराने व जिताने के लिए वोट नहीं करेगी।

भाजपा को बाबूलाल से मिलता है टॉनिक: विनोद सिंह पूर्व विधायक विनोद सिंह भी बाबूलाल पर हमलावर रहे। उन्होंने कहा कि जब-जब भाजपा कमजोर होती है, उसे बाबूलाल से टॉनिक मिलता है। चाहे लोकसभा, विधानसभा व राज्यसभा चुनाव के वक्त का मामला हो या फिर चुनाव के बाद का मामला। झाविमो ही भाजपा को ताकत देने का काम करता है। बैठक की अध्यक्षता व संचालन जिला सचिव मनोज भक्त ने की। सभा को राज्य कमेटी के सदस्य राजेश यादव, अशोक पासवान, मनव्वर हसन बंटी, जयंती चौधरी, मुस्तकीम अंसारी, विजय पांडेय, सीताराम ¨सह, परमेश्वर महतो, पूरन महतो, गजेंद्र महतो, पवन महतो, पूनम महतो, सरिता महतो, सरिता साहू, संदीप जायसवाल, मोहम्मद मुस्ताक, मनोज पांडे आदि ने संबोधित किया।

भारत बंद को समर्थन का एलान: सम्मेलन में दीपंकर भट्टाचार्य से लेकर प्रखंड स्तर के कार्यकर्ताओं ने भी पेट्रोलियम मूल्य वृद्धि के खिलाफ सोमवार को आहूत भारत बंद को पूर्ण सफल बनाने के लिए समर्थकों से सड़कों पर उतरने की अपील की। वहीं 28 सितंबर से लेकर चार अक्टूबर तक गांडेय से तिलैया तक होने वाली 175 किमी. पदयात्रा एवं आठ अक्टूबर को कोडरमा में होने वाली रैली को ऐतिहासिक बनाने का संकल्प लिया गया।