गढ़वा सदर अस्पताल के स्टोर रूम में GNM और पारा शिक्षक को आपत्तिजनक हालत में देखने का आरोप, ANM ने की शिकायत
सदर अस्पताल गढ़वा में एक जीएनएम और पारा शिक्षक को आपत्तिजनक हालत में पाए जाने के बाद हंगामा हो गया। ...और पढ़ें

सदर अस्पताल, गढ़वा।
HighLights
सदर अस्पताल गढ़वा में जीएनएम-पारा शिक्षक आपत्तिजनक हालत में मिले।
पीड़िता ने उच्च अधिकारियों से निष्पक्ष जांच और सुरक्षा मांगी।
संवाद सहयोगी, गढ़वा। सदर अस्पताल गढ़वा एक बार फिर शर्मसार करने वाले कारनामे को लेकर सुर्खियों में है। अस्पताल के स्टोर रूम में एक जीएनएम और एक पारा शिक्षक को आपत्तिजनक हालत में देखे जाने और उसके बाद हंगामा होने का मामला सामने आया है।
इस घटना को लेकर अस्पताल में कार्यरत एएनएम विद्यानी टोप्पो ने उपायुक्त, उप विकास आयुक्त, अनुमंडल अधिकारी, सिविल सर्जन, सदर अस्पताल की उपाधीक्षक तथा अस्पताल प्रबंधक को लिखित आवेदन देकर सख्त कार्रवाई और अपनी जान-माल की सुरक्षा की गुहार लगाई है।
पीड़िता एएनएम विद्यानी टोप्पो ने अपने आवेदन में उल्लेख किया है कि 25 सितंबर 2026 की रात वह और एक जीएनएम सदर अस्पताल में नाइट ड्यूटी पर तैनात थीं। रात करीब 10 से 10:30 बजे के बीच एक मरीज के इलाज के लिए एएनएम को स्टोर से 24 नंबर का किट लेने जाना पड़ा।
स्टोर का दरवाजा सटा हुआ था, लेकिन सिटकनी नहीं लगी थी। जब उन्होंने दरवाजा खोला तो अंदर जीएनएम और कोरवाडीह में कार्यरत पारा शिक्षक वीरेन्द्र यादव को आपत्तिजनक स्थिति में देखा। स्थिति देखकर एएनएम बिना किट लिए ही वापस लौट गईं और ओटी से किट लेकर मरीज का इलाज किया।
आवेदन में आरोप लगाया गया है कि इसके बाद रात करीब 11 से 11:15 बजे के बीच उक्त जीएनएम और पारा शिक्षक वीरेन्द्र यादव ने एएनएम को घेर लिया। दोनों ने उन पर सिटकनी बाहर से बंद करने का झूठा आरोप लगाते हुए जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया, गाली-गलौज की और गोली मारकर जान से मारने की धमकी दी।
इतना ही नहीं, पीड़िता ने उक्त जीएनएम पर बड़ा वित्तीय और प्रशासनिक भ्रष्टाचार का आरोप भी लगाया है। आवेदन में लिखा गया है कि उक्त जीएनएम ने जनवरी 2025 से मई 2026 तक एक भी दिन रात ड्यूटी नहीं की, लेकिन फर्जी हाजिरी बनाकर अवैध रूप से वेतन की निकासी की है। इस घटना के बाद सदर अस्पताल परिसर में हड़कंप मच गया है और तरह तरह की चर्चा हो रही है।
पीड़िता ने वरीय अधिकारियों से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोनों दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने और अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
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