विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

टुंडी में सड़क हादसे में घायल हिरण की अस्पताल में डॉक्टर न मिलने से मौत, बिहार का वाहन जब्त

By Dinesh Kumar Mahatha Edited By: Mritunjay Pathak
Published: Sat, 11 Apr 2026 06:53 PM (GMT+05:30)

Tundi Deer Accident: धनबाद-टुंडी मार्ग पर एक तेज रफ्तार कार की चपेट में आने से जंगली हिरण (चितल) गंभीर रूप ...और पढ़ें

हिरण का पोस्टमार्टम करतीं डॉक्टर सुमन कुमारी।

हिरण का पोस्टमार्टम करतीं डॉक्टर सुमन कुमारी।

HighLights

  1. टुंडी में कार की टक्कर से हिरण गंभीर घायल हुआ।

  2. चिकित्सक अनुपलब्ध होने से अस्पताल में हिरण की मौत।

  3. वन विभाग ने दुर्घटनाग्रस्त वाहन जब्त किया, चालक फरार।

संस, जागरण, टुंडी (धनबाद)। Tundi Deer Dies धनबाद-टुंडी-गिरिडीह मुख्य पथ पर भूरसाबांक जाहेरस्थान के पास शनिवार की दोपहर कार की चपेट में आने से एक जंगली हिरण (चितल) गंभीर रूप से घायल हो गया। सूचना मिलने पर टुंडी वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और घायल हिरण को टुंडी पशु चिकित्सा अस्पताल ले जाया गया, लेकिन अस्पताल में डॉक्टर उपलब्ध नहीं रहने के कारण उसकी मौत हो गई।

वहीं वन विभाग के कर्मियों ने उक्त वाहन को जब्त कर लिया है, जबकि वाहन में सवार लोग फरार हो गए। वन विभाग के अधिनियम के तहत मामले में विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी। जिस वाहन से हिरण को धक्का लगा वह बिहार का है।

बताया जाता है कि टुंडी-गिरिडीह मुख्य पथ पर भूरसाबांक के पास दोपहर के समय जंगली हिरणों का झुंड सड़क पार कर रहा था। इसी दौरान तेज रफ्तार से आ रही ट्रीवर कार (बीआर 01 एचक्यू-2874) की चपेट में एक चितल आ गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया।

वन आरक्षी पूरन चंद महतो ने बताया कि वाहन की चपेट में आने से हिरण का पिछला एक पैर दो टुकड़ों में टूट गया था और उसे अंदरूनी चोटें भी आई थीं। वाहन की रफ्तार काफी तेज थी। घटना के बाद वाहन वहीं बंद हो गया। हिरण का वजन लगभग एक क्विंटल के आसपास बताया जा रहा है।

कई घंटे बाद टुंडी पशु चिकित्सा अस्पताल में डॉक्टर सुमन कुमारी पहुंचीं और मृत हिरण का पोस्टमार्टम किया। इस संबंध में जिला वन प्रमंडल पदाधिकारी विकास पालिवार ने बताया कि वाहन को जब्त कर लिया गया है, जबकि उसमें सवार सभी लोग फरार हैं। वाहन बिहार का बताया जा रहा है।

हिरण का अंतिम संस्कार कुशमाटांड़ हाईटेक नर्सरी में किया जाएगा। इधर, लंबे समय बाद टुंडी के जंगलों में चितल प्रजाति के हिरणों के झुंड देखे जाने से यह क्षेत्र कौतूहल का विषय बना हुआ है।