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झारखंड के पूर्व मंत्री माधव लाल सिंह का निधन, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने जताया शोक; राजकीय सम्मान के साथ होगा अंतिम संस्कार

By Digital Desk Edited By: Mritunjay Pathak
Published: Wed, 13 May 2026 11:27 AM (IST)Updated: Wed, 13 May 2026 02:14 PM (IST)

Former Gomia MLA Madhav Lal Singh Passes Away झारखंड और बिहार सरकार में मंत्री रह चुके माधव लाल सिंह का ...और पढ़ें

झारखंड के पूर्व मंत्री माधव लाल सिंह। (फाइल फोटो)

झारखंड के पूर्व मंत्री माधव लाल सिंह। (फाइल फोटो)

HighLights

  1. पूर्व बिहार-झारखंड मंत्री माधव लाल सिंह का निधन।

  2. गोमिया से चार बार विधायक चुने गए थे।

  3. रांची के अस्पताल में इलाज के दौरान ली अंतिम सांस।

जागरण, संवाददाता, बेरमो (बोकारो)। Jharkhand Leader Madhav Lal Singh Passes Away बिहार-झारखंड सरकार में मंत्री रह चुके माधव लाल सिंह का बुधवार को निधन हो गया। वे लंबे समय से अस्वस्थ थे और रांची के एक अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। सिंह ने निधन पर राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने शोक व्यक्त किया है। 

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने एक्स हैंडल पर लिखा है-गोमिया से पूर्व विधायक, एकीकृत बिहार सरकार एवं राज्य गठन के बाद झारखंड सरकार में मंत्री रहे आदरणीय श्री माधव लाल सिंह जी के निधन का समाचार अत्यंत दुःखद है। साथ ही मुख्यमंत्री ने राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार करने का अधिकारियों को निर्देश दिया है।

माधव लाल सिंह के निधन की खबर मिलते ही बोकारो जिले के गोमिया विधानसभा क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। वे गोमिया से चार बार विधायक चुने गए थे। सरल स्वभाव और जनसरोकारों के कारण वे गोमिया में “माधव बाबू” के नाम से लोकप्रिय थे।

जानकारी के अनुसार, कुछ दिन पहले अचानक तबीयत बिगड़ने पर उन्हें पहले बोकारो के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बाद में हालत गंभीर होने पर बेहतर इलाज के लिए रांची रेफर किया गया, जहां चिकित्सकों की निगरानी में उनका उपचार जारी था। बुधवार सुबह इलाज के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली।

माधव लाल सिंह गोमिया विधानसभा क्षेत्र की राजनीति का बड़ा चेहरा माने जाते थे। उन्होंने 1985, 1990, 2000 और 2009 में गोमिया विधानसभा सीट से जीत दर्ज की थी। वर्ष 2000 में बिहार सरकार में कैबिनेट मंत्री बने और झारखंड गठन के बाद 2000 में भी मंत्री पद की जिम्मेदारी संभाली। उनके निधन पर विभिन्न राजनीतिक दलों, सामाजिक संगठनों और समर्थकों ने गहरा शोक व्यक्त किया है।