संस, झरिया : धर्मशाला रोड चार नंबर के पास स्थित मातृ सदन अस्पताल में शुक्रवार की देर शाम 21 वर्षीय प्रसूति महिला सोनम खातून की मौत हो गई। स्वजनों ने अस्पताल पर इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाकर हंगामा कर दिया। अस्पताल में तोड़फोड़ भी की। अस्पताल के कर्मियों ने इसकी जानकारी झरिया थाना पुलिस को दी। पुलिस मौके पर पहुंचकर मामले को शांत कराया। आक्रोशित लोगों ने डाक्टर से वार्ता करने की मांग की। पुलिस ने अस्पताल इंचार्ज मकसूद आलम से लोगों की वार्ता कराई। मृतक के परिवार वालों ने प्रसूति महिला की मौत कैसे हुई इसकी जानकारी ली। मकसूद आलम ने पीड़ित परिवार को बताया कि बच्चा पहले ही पेट में मर गया था। इलाज के दौरान सदमे में आने की वजह से महिला की मौत हो गई थी।

मकसूद व आक्रोशित लोगों में काफी नोकझोंक हुई। पुलिस ने किसी तरह मामले को शांत किया। मृतक सोनम के पति मो. सोनू ने बताया कि कुसुंडा स्टेशन हाजरा बस्ती में रहते हैं। मेरी पत्नी गर्भवती थी। पेट में दर्द होने की वजह से गुरुवार को मातृ सदन में इलाज के लिए भर्ती कराया। दोपहर तक सबकुछ ठीक था। अचानक शाम को अस्पताल के कुछ कर्मी आए और एक कागजात में हस्ताक्षर करने को कहा। कर्मियों ने कहा कि महिला की हालत गंभीर है। उसे धनबाद रेफर करना होगा। जब अपनी पत्नी को देखने गए तो वह मर चुकी थी। सोनू ने कहा कि अस्पताल व डाक्टर के खिलाफ वरीय अधिकारी से लिखित शिकायत करेंगे।

---

इलाज के दौरान महिला की जांच हुई। जांच में हिमोग्लोबिन काफी कम था। जांच में पता चला कि बच्चा पेट में पूर्व में ही मर गया था। हमलोग महिला को बचाने की कोशिश कर रहे थे। महिला का ब्लड प्रेशर बढ़ जाने से उसकी मौत हो गई।

- मकसूद आलम, इंचार्ज मातृ सदन अस्पताल।

Edited By: Jagran