सिदरी : डीएवी पब्लिक स्कूल सिदरी में शनिवार को नागरिकता संशोधन बिल 2019 के पक्ष-विपक्ष में अंतर्सदनीय वाद-विवाद प्रतियोगिता विद्याíथयों के बीच हुई। अंग्रेजी भाषा में आयोजित प्रतियोगिता में सीवी रमन सदन से मैत्री झा, दयानंद सदन से अरविद पासवान, रामानुजन सदन से सोनम कुमारी और विवेकानंद सदन से सौम्या, साक्षी ने भाग लिया। अंग्रेजी की शिक्षिका सरिता सिंह ने प्रतिभागियों के समक्ष विषय वस्तु को रखा।

सोनम कुमारी ने बिल के पक्ष में कहां की 1947 के बंटवारे के बाद यह बिल हिदू, सिख, बौद्ध, जैन और ईसाई समुदाय के लोगों के लिए वरदान साबित होगा। हमारे पड़ोसी देशों में उत्पीड़न झेल रहे अल्पसंख्यकों के लिए इस बिल के माध्यम से भारत की नागरिकता को प्राप्त करना आसान होगा। साथ ही साथ भारत में जबरन घुस आए घुसपैठियों के लिए अब भारत में रहना मुश्किल होगा। कहा कि बिल नागरिकता देने के लिए है न कि छीनने के लिए है। अरविद पासवान ने कहा कि यह बिल संविधान की धारा 14 का उल्लंघन करती है। इससे भेदभाव को बढ़ावा मिलेगा। निर्णायक मंडल के जीवन किशोर श्रीवास्तव, संदीप कुमार, राजीव रंजन सिंह, बृजेश चौबे और रंजन कुमार ने 63 अंकों के साथ रामानुजन सदन को विजयी घोषित किया। दूसरे स्थान पर 62 अंकों के साथ विवेकानंद सदन रहा। तीसरे स्थान पर 56 अंकों के साथ सीवी रमन सदन और चौथे स्थान पर 39 अंकों के साथ दयानंद सदन रहा। निर्णायक मंडली को प्रभावित करने वाली पूनम कुमारी को मुख्य वक्ता के रूप में चयन किया गया। प्राचार्य आशुतोष कुमार ने कहा कि प्रतियोगिता के माध्यम से ज्ञान, वाचन कौशल वृद्धि होगी। बच्चों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें पुरस्कृत किया गया। ऋचा सिन्हा ने धन्यवाद दिया।

Posted By: Jagran

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस