DVC: मैथन में 702 करोड़ से बनेगा 250 मेगावाट का बैटरी ऊर्जा भंडारण संयंत्र, ऊर्जा सुरक्षा को मिलेगी नई ताकत
Dhanbad News: दामोदर घाटी निगम (DVC) ने मैथन में 702 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से 250 मेगावाट क्षमता के ...और पढ़ें

मैथन स्थित दामोदर घाटी निगम कार्यालय। (फाइल फोटो)
धर्मदेव चौधरी, मैथन। दामोदर घाटी निगम (DVC) की ओर से मैथन में 250 मेगावाट क्षमता के बैटरी ऊर्जा भंडारण संयंत्र (बीईएसएस) की स्थापना का काम शुरू हो गया है। मैथन स्थित डीवीसी प्रशासनिक भवन के सामने पुराने गैस टरबाइन परिसर में प्रस्तावित संयंत्र के निर्माण स्थल की साफ-सफाई तेजी से की जा रही है।

रविवार को बड़े ट्रकों से निर्माण सामग्री भी पहुंचाई गई। दर्जनों मजदूर भारी मशीनों के सहयोग से परिसर को निर्माण के लिए तैयार करने में जुटे हैं। करीब 702 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से बनने वाले इस संयंत्र को 18 माह के भीतर पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। परियोजना का ठेका पेस डिजिटेक इंफ्रा प्राइवेट लिमिटेड को दिया गया है।
कंपनी को संयंत्र की डिजाइन, अभियंत्रण, उपकरणों की आपूर्ति, स्थापना के साथ 12 वर्षों तक संचालन एवं रखरखाव की जिम्मेदारी दी गई है। इस संयंत्र की सबसे बड़ी खासियत यह होगी कि अत्यधिक बिजली मांग के समय यह ग्रिड को मजबूती देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। संयंत्र प्रतिदिन करीब दो घंटे तक 250 मेगावाट बिजली उपलब्ध करा सकेगा।
इससे मांग बढ़ने के दौरान बिजली आपूर्ति को संतुलित रखने में मदद मिलेगी। परियोजना में हरित ऊर्जा को भी प्राथमिकता दी गई है। बैटरी को पुन: चार्ज करने में इस्तेमाल होने वाली कम से कम 85 प्रतिशत ऊर्जा मैथन की तैरती सौर ऊर्जा और पनबिजली परियोजनाओं से प्राप्त करने का लक्ष्य है।
डीवीसी के झारखंड और पश्चिम बंगाल स्थित कमान क्षेत्रों में कुल 500 मेगावाट भंडारण क्षमता विकसित करने की योजना के प्रथम चरण के तहत मैथन में यह परियोजना स्थापित की जा रही है। लंबे समय बाद मैथन में बड़े ऊर्जा संयंत्र की स्थापना शुरू होने से स्थानीय लोगों में रोजगार के अवसर बढ़ने की उम्मीद है।
