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धनबाद में तेज रफ्तार से दौड़ा टीबी प्रचार रथ, 16 की जगह 165 रुपये प्रति किमी की दर से भुगतान

Published: Tue, 01 Sep 2026 12:14 PM (IST)

Dhanbad News: टीबी प्रचार वाहन को निर्धारित दर से कई गुना अधिक भुगतान करने का मामला सामने आया है, जिसमें ...और पढ़ें

टीबी प्रचार वाहन। (फाइल फोटो)

टीबी प्रचार वाहन। (फाइल फोटो)

HighLights

  1. टीबी प्रचार वाहन को निर्धारित दर से दस गुना अधिक भुगतान किया गया।

  2. आरडी इंटरप्राइजेज को 6 लाख रुपये का अनियमित भुगतान किया गया।

  3. यक्ष्मा पदाधिकारी ने गड़बड़ी की आशंका पर बिल पर हस्ताक्षर नहीं किए।

डा.मोहन गोप, धनबाद। धनबाद में टीबी मरीजों को समय पर भले ही पोषण राशि नहीं मिल रही है, लेकिन प्रचार -प्रसार में नियमों को तोड़ भुगतान किए जा रहे हैं। ताजा मामला जिला यक्ष्मा विभाग का है।

सरकार की ओर से निर्धारित दर से कई गुना ज्यादा प्रचार रथ पर भुगतान कर दिया गया है। करार के अनुसार प्रति किलोमीटर 16 रुपए की दर से प्रचार रथ को भुगतान करना था, लेकिन बाद में अचानक इसे लगभग 165 रुपया प्रति किलोमीटर की दर से विभाग ने भुगतान कर दिया। पिछले दिनों छह लाख रुपए स्वास्थ्य विभाग ने आरडी इंटरप्राइजेज नामक एजेंसी को भुगतान किया है।

भुगतान के साथ ही मामले ने तूल पकड़ लिया है। इसकी जांच की मांग हो रही है। फिलहाल जिले में टीबी उन्मूलन अभियान के तहत अधिक से अधिक की बीमारियों की पहचान करनी है।

सितंबर 2025 से ही लगभग 550 टीबी मरीजों को पोषण की राशि 500 नहीं मिली है। हर दिन राशि के लिए मरीजों को विभाग का चक्कर काटना पड़ रहा है। दूसरी और प्रचार पर लाखों रुपए खर्च किए जा रहे हैं।

ज्ञात हो कि वर्ष 2023-24 में स्वास्थ्य विभाग की ओर से लगभग 20 लाख रुपए में घटिया दवा खरीदी गई थी। फिलहाल यह मामला भी जांच में चल रहा है। लगातार विभाग में गड़बड़ी के मामले सामने आ रहे हैं।

कार्डियक एंबुलेंस से भी कई गुना ज्यादा महंगा

प्रचार रथ में टीबी की स्क्रीनिंग जांच के लिए विभिन्न जगहों पर लगे कैंप के लिए पोर्टेबल एक्स-रे मशीन ले जाया जाता है। सूत्रों की मानें तो प्रचार वाहन में एयर कंडीशन और जरूरी सामान भी नहीं है।

एक सामान्य वाहन पर इतनी भारी भरकम राशि खर्च करना सवाल पैदा कर रहा है। कार्डियक एंबुलेंस भी 30 से 40 प्रति किलोमीटर की दर से चलता है। ऐसे में बड़ी राशि प्रचार वाहन पर खर्च कर दी गई है। 

दो कोटेशन में ही एजेंसी पर दरियादिली

विभागीय सूत्रों की मानें तो प्रचार वाहन आरडी इंटरप्राइजेज नामक एजेंसी की ओर से चलाई जा रही है। प्रचार वाहन के करार के तहत तीन एजेंसी टेंडर में आने जरूरी होते हैं। लेकिन मात्र दो एजेंसी के आने पर ही टेंडर की प्रक्रिया पूरी कर दी गई। सूत्रों की माने तो दोनों एजेंसी एक ही व्यक्ति की है।

गड़बड़ी की शक पर यक्ष्मा पदाधिकारी ने नहीं किया हस्ताक्षर

प्रचार रथ वाहन के बिल पर गड़बड़ी की आशंका पर जिला यक्ष्मा पदाधिकारी डा. रेखा नायक ने साइन नहीं किया। इसके साथ इसके कर्मियों ने भी बिल पर हस्ताक्षर व सहमति नहीं दी है। रांची मुख्यालय से इस संबंध में मंतव्य की भी मांग की गई है।

बिल पर भुगतान से संबंधित जानकारी ले रहा हूं। नियमानुसार ही भुगतान हुए होंगे। इसके कागजात देखी जा रही है।

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डा. आलोक विश्वकर्मा, सीएस, धनबाद